बांग्लादेशी नागरिकों की गिरफ्तारी के बाद जिले में अलर्ट
मुजफ्फरनगर। सहारनपुर जिले से बांग्लादेशी नागरिकों इकबाल और फारुख की गिरफ्तारी के बाद जिले में प्रशासनिक मशीनरियां सक्रिय हो गई हैं। प्रशासन ने जिले में भी अलर्ट जारी करते हुए धारा-144 लागू कर दी है। देवबंद से सटे गांवों में पुलिस व खुफिया विभाग की टीमों को भी सतर्क कर दिया गया है। इसके पीछे जिले में भी पूर्व में आतंकी कनेक्शन से जुड़ाव बड़ी वजह है।
जनपद का बड़ा भू-भाग सहारनपुर जनपद के कस्बा देवबंद से सटा हुआ है, जिसके चलते दोनों जिले के लोगों की एक-दूसरे से नाते-रिश्तेदारियां भी हैं। देवबंद से सटे जनपद के इलाके में पूर्व समय में आतंकी गतिविधियां पाई जा चुकी हैं, इसके चलते अफसर हालिया मामले में चूक नहीं चाहते। दरअसल, देवबंद से सटे चरथावल के गांव कुटेसरा के एक मदरसे से छह अगस्त 2017 को बांग्लादेशी आतंकी अब्दुल्लाह-अल-मामून को गिरफ्तार किया जा चुका है। वहीं, इससे पहले वर्ष 2000 में बुढ़ाना के गांव जौला से भी पाक आतंकी मोहम्मद वारस की गिरफ्तारी हो चुकी है। शहर क्षेत्र की बात करें तो वर्ष 1996 में शहर के मोहल्ला खालापार से भी पाक आतंकी जकारिया को गिरफ्तार किया जा चुका है। यही कारण है कि अफसरों ने पुलिस के साथ ही खुफिया विभाग को भी अलर्ट मोड पर रहकर जिले भर के संदेहास्पद क्षेत्रों विशेषकर देवबंद से सटे इलाके पर पैनी नजर रखने के निर्देश दिए हैं।
आतंकी फंडिंग में धरे जा चुके हैं दो सराफ
मुजफ्फरनगर। आतंकी गतिविधियों के साथ ही करीब दो साल पूर्व शहर के सराफा बाजार निवासी नामी सराफ आदीश जैन समेत दो ज्वेलर्स एनआईए ने आतंकी फंडिंग में गिरफ्तार किए थे। उस समय एनआईए की टीम ने सराफा बाजार में कई दिन तक डेरा डालकर दोनों ज्वेलर्स के आवास व प्रतिष्ठानों की भी जांच की थी, जिसमें दोनों ज्वेलर्स के तार आतंकी फंडिंग से जुड़े पाए गए थे। दोनों ज्वेलर्स अब तक जेल में बंद हैं। वहीं, दस जुलाई 2017 को अंकित विहार निवासी संदीप शर्मा को भी आतंकी गतिविधियों में संलिप्त रहने के कारण जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग से गिरफ्तार किया जा चुका है।
खालिस्तान समर्थकों से भी जुड़े पाए जा चुके हैं तार
मुजफ्फरनगर। जनपद के तार आतंकी गतिविधियों के साथ ही खालिस्तान समर्थकों से भी जुुड़े पाए जा चुके हैं। अमृतसर स्पेशल सेल की टीम ने करीब डेढ़ साल पूर्व एसटीएफ मेरठ के साथ मिलकर बुढ़ाना कोतवाली क्षेत्र के गांव इटावा से संजय राठी उर्फ गुड्डू को गिरफ्तार किया था, जिसके तार खालिस्तान समर्थकों से जुड़े पाए गए थे। आरोपी खालिस्तान समर्थकों को असलाह व मादक पदार्थ सप्लाई करता था।