वर्ष 2014 के लोकसभा और 2017 के विधानसभा चुनाव में हाशिए पर आ चुकी राष्ट्रीय लोकदल को संजीवनी दिलाने के लिए चौधरी अजित सिंह कड़ी मेहनत कर रहे हैं। छोटे चौधरी ने मुजफ्फरनगर को केंद्र बिंदु बना लिया है। जिले में अब तक करीब आधा दर्जन जनसंवाद कार्यक्रम और जनसभाएं कर चुके छोटे चौधरी सोमवार को पूर्व केंद्रीय मंत्री और भाजपा सांसद डा. संजीव बालियान के गढ़ शाहपुर में सत्ता परिवर्तन रैली करेंगे। इसे उनका चुनावी शंखनाद माना जा रहा है।
वर्ष 2013 में हुए दंगे के बाद समीकरण ऐसे बदले कि भाजपा के सामने अन्य राजनैतिक दल टिक नहीं पाए। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में जाट राजनीति का केंद्र बिंदु रही राष्ट्रीय लोकदल के सामने अस्तित्व का संकट खड़ा हो गया। जाट वोटों बैंक को देखते हुए भाजपा ने मुजफ्फरनगर सांसद डा. संजीव बालियान को जाट नेता के रूप में प्रमोट कर दिया। उन्हें केंद्रीय मंत्रिमंडल में जगह भी दी गई थी। वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव से पहले जाट आरक्षण को लेकर भाजपा के खिलाफ उपजे विरोध को दूर करने के लिए भी पार्टी हाईकमान ने उन्हें आगे किया था।
डा. संजीव बालियान का जाट नेता के रूप में आगे बढ़ना भी रालोद के लिए चुनौती है। राजनीतिक गलियारे में दावा किया जा रहा है कि छोटे चौधरी मुजफ्फरनगर से चुनाव लड़ सकते हैं। पार्टी को हुए नुकसान से उबारने के लिए चौधरी अजित सिंह ने मुजफ्फरनगर को ही चुना है। रालोद की सीटों को लेकर बसपा और सपा से उनकी बातचीत जारी है। गठबंधन के साथ उन्हें जाट, मुस्लिम और अनुसूचित जाति के गठजोड़ का फायदा मिलेगा। सोमवार को शाहपुर में होने जा रही सत्ता परिवर्तन रैली को उनका चुनावी आगाज माना जा रहा है।
यह रैली खास इस लिहाज से भी है कि अब तक चौधरी अजित सिंह जनसंवाद कार्यक्रम कर रहे थे। करीब एक साल में लालूखेड़ी बुढ़ाना, खतौली और मीरापुर समेत आधा दर्जन जनसंवाद और सद्भावना सभाएं की हैं। इन कार्यक्रमों में दंगे के बाद हिंदू-मुस्लिमों के बीच पैदा हुई खाई को पाटने की कोशिश की गई। अब उन्होंने रैलियां करना शुरू कर दिया है। यह शुरुआत भी शाहपुर से हो रही है।
इस क्षेत्र में ही सांसद डा. संजीव बालियान का गांव कुटबा पड़ता है। संजीव बालियान ने भी कुटबा में 2013 में पहली बड़ी रैली की थी। इसमें भाजपा अध्यक्ष नितिन गडकरी और राजनाथ सिंह शामिल हुए थे। कुटबा के ही विपिन बालियान चौधरी अजित सिंह की रैली के संयोजक हैं। वह आम आदमी पार्टी छोड़कर हाल ही में रालोद में शामिल हुए हैं। रालोद के प्रदेश प्रवक्ता सुनील रोहटा का कहना है कि शाहपुर में आज सवेरे 11 बजे से होने वाली सत्ता परिवर्तन रैली में बड़ी संख्या में किसान, मजदूर और अन्य वर्ग के लोग जुटेंगे।