दुष्कर्म की शिकार मानसिक रोगी किशोरी ने दिया बच्चे को जन्म
जानसठ (मुजफ्फरनगर)। मानसिक रोगी है वो। उम्र नादान है और दुनियादारी की चालाकियों से अनजान रही। शिकार हो गई थी दरिंदगी की, जो उसके साथ की थी गांव के ही वृद्ध ने। दुष्कर्मी का पाप उसके पेट में पलता रहा और अब उसने बच्चे को जन्म दिया है। गांव में इस मामले की चर्चा है और दुष्कर्म के आरोपी को लानत दे रहे हैं।
यह कहानी है जानसठ क्षेत्र के एक गांव में रहने वाली मानसिक रोगी किशोरी की, जिसके साथ गांव के ही वृद्ध ने दुष्कर्म किया था। किशोरी का जब पेट फूलने लगा था, तो परिवार के लोगों ने डाक्टर के पास ले जाकर जांच कराई थी। उसी में पता चला था कि वह सात माह की गर्भवती है। मामले में गांव के ही रहने वाले आरोपी वृद्ध राजपाल सैनी के खिलाफ दुष्कर्म की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश करके जेल भेज दिया था। उधर, पीड़िता के पेट में गर्भ पलता रहा और शुक्रवार देर रात प्रसव पीड़ा होने पर उसने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में बच्चे को जन्म दिया। मामले की गांव में चर्चा बनी हुई है, तो तमाम सवाल भी खड़े हो रहे हैं।
मनोरोगी से दुष्कर्म करने वाला आरोपी जेल मेें बंद
जानसठ। कोतवाली क्षेत्र के गांव में वृद्ध ने मनोरोगी किशोरी के साथ कई माह तक दुष्कर्म किया था। आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। फिलहाल आरोपी जेल में बंद है। उसकी जमानत याचिका अदालत ने खारिज कर दी थी।
बच्चे की परवरिश कौन करेगा
भ्रूण हत्या के डर से परिजनों ने परिजनों ने किशोरी का गर्भपात नहीं कराया। पीड़िता किशोरी के बच्चा पैदा हो जाने पर सबसे बड़ी समस्या यह कि इस बच्चे की अब परवरिश कौन करेगा। इस संबंध में परिवार के लोगों ने कुछ बताने से इंकार कर दिया है। अस्पताल में शिशु जन्म होने पर परिवार के लोग जच्चा व बच्चा को अपने घर ले गए हैं।
-क्या कहते हैं इंस्पेक्टर
जानसठ कोतवाली के इंस्पेक्टर योगेश शर्मा ने बताया कि मनोरोगी किशोरी से दुष्कर्म हुआ था। इस मामले में पीड़िता के पिता की ओर से तहरीर दी गई थी। मुकदमा दर्जकर आरोपी को जेल भेज दिया गया था।