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हंगामे और मारपीट के बीच 67.5 प्रतिशत मतदान

Wed, 14 Oct 2015 12:18 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
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खतौली/जानसठ/मोरना। जिले में पंचायत चुनाव के दूसरे चरण में छिटपुट घटनाओं के बीच 67.5 प्रतिशत मतदान हुआ। कड़ी सुरक्षा के बीच मोरना, जानसठ और खतौली ब्लॉक के 195 गांवों में हुए चुनाव में मतदाताओं ने वोट डाले। जिला पंचायत के 14 और बीडीसी के 373 पदों के लिए मतदान हुआ।
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फर्जी वोटिंग को लेकर तुल्हेड़ी, हासमपुरा, कैलावड़ा, पिपलहेड़ा, बड़सू, घनश्यामपुरा, भटौड़ा आदि मतदान केंद्रों पर हंगामा, मारपीट और झड़पें होने से वोटिंग का कार्य प्रभावित हुआ। सूचना पर तत्काल अधिकारी मौके पर पहुंचे और मतदान सुचारु कराया। चुनाव प्रेक्षक मुकेश मेश्राम ने भी कई मतदान स्थलों का दौरा किया।

खतौली ब्लॉक में 71.5 प्रतिशत मतदान हुआ। गांव कैलावड़ा कलां में आदर्श इंटर कॉलेज के बूथ में जिला पंचायत के एक प्रत्याशी के एजेंट ने पीठासीन अधिकारी पर महिला के मतपत्र पर मुहर लगाने का आरोप लगाते हुए हंगामा खड़ा कर दिया। इस दौरान एजेंट की पीठासीन अधिकारी योगेंद्र मलिक और पुलिस के बीच काफी देर तक झड़प हुई।
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बाद में मतदाताओं ने समझा-बुझाकर मामला शांत किया। गांव पिपलहेड़ा में बीडीसी सदस्य पद के लिए फर्जी मतदान होने की सूचना पर एडीएम मनोज कुमार और एसपी सिटी प्रदीप गुप्ता भारी पुलिस बल के साथ पहुंचे। मतदान केंद्र के बाहर एकत्र भीड़ पर पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया, जिससे वहां पर भगदड़ मच गई।

गांव ककराला में प्राथमिक विद्यालय के मतदान केंद्र पर बीडीसी के एजेंट अभय सिंह ने महिला मतदाता के साथ अभद्रता की, जिसे लेकर ग्रामीणों ने हंगामा खड़ा कर दिया। पुलिस ने भीड़ को लाठियां फटकार खदेड़ा। पुलिस ने एजेंट अभय सिंह को हिरासत में ले लिया। इस दौरान करीब आधा घंटे तक मतदान बंद रहा।

इसके बाद पुलिस की कड़ी सुरक्षा बंदोबस्त के बीच धीमी गति से मतदान शुरू हुआ। गांव मीरापुर खुर्द में ग्रामीणों ने प्रत्याशी वंदना वर्मा पर एक मतदाता को धक्का-मुक्की करने का आरोप लगाते हुए हंगामा खड़ा कर दिया। पुलिस ने ग्रामीणों को समझा बुझाकर बमुश्किल मामला शांत किया।

जानसठ ब्लाक के वार्ड 34 के जिला पंचायत सदस्य प्रत्याशी द्वारा मतदान स्थल पर फर्जी मतदान की शिकायत मिलने पर प्रशासन ने फर्जी वोट डालने वाले दो युवकों को हिरासत में ले लिया। ग्राम घटायन के मतदान केंद्र पर दो बीडीसी सदस्यों द्वारा आपस में मतदान को लेकर मारपीट हो गई।

 पुलिस द्वारा पकड़ने पर ग्रामीणों ने समझा-बुझाकर दोनों को छुड़वा दिया। मीरापुर के जड़वड़ कटिया गांव के एक मतदान केंद्र पर 90 प्रतिशत मतदान हुआ। गांव तुल्हेड़ी में सुबह बिल्लू पक्ष और बीडीसी प्रत्याशी के पुत्र नीटू पक्ष के बीच फर्जी मतदान को लेकर मारपीट हुई।

एकत्र भारी भीड़ को पुलिस ने लाठियां फटकार कर दौड़ाया। इस दौरान मतदान प्रक्रिया बाधित हुई। करीब एक घंटे में स्थिति सामान्य होने के बाद पुन: मतदान शुरू कराया गया। पुलिस ने इस मामले में बीडीसी प्रत्याशी कमलादेवी के पुत्र नीटू को हिरासत में ले लिया।

गांव हाशिमपुर में भी फर्जी मतदान को लेकर दो गुटों में झड़पें हुईं, जिन्हें पुलिस ने चेतावनी देकर और लाठी फटकार कर तितर-बितर किया। गांव मुझेडा के एक बूथ पर महिला अभिकर्ता इमराना के साथ भी विपक्षी प्रत्याशी की समर्थकों ने मारपीट की गई।

मोरना ब्लाक के बेलड़ा में प्रभात तोमर की पत्नी संगीता तोमर तथा पूर्व प्रधान विनय कुमार की पत्नी अनीता वार्ड 42 से जिला पंचायत सदस्य पद की प्रत्याशी हैं। मतदान के दौरान दोनों प्रत्याशियों के समर्थकों में फर्जी मतदान को लेकर गरमा-गरमी हो गई। कुछ देर तक मतदान रुका रहा।

पुलिस ने बल प्रयोग कर समर्थकों को दौड़ा दिया। पुलिस विनय कुमार समेत दो समर्थकों को हिरासत में लेकर थाने ले आई। बाद में चेतावनी देकर छोड़ दिया। किशनपुर गॉव में मो. शाहिद की पत्नी जिला पंचायत सदस्य पद  प्रत्याशी के समर्थकों और बीडीसी प्रत्याशी शाबिर प्रधान के समर्थकों में भी फर्जी मतदान को लेकर हाथापाई हुई।

पुलिस ने जमशेद, अमजद, मो. यूनुस, इकराम, पप्पू को हिरासत में ले लिया। चुनाव सम्पन्न होने पर थाने से छोड़ दिया गया। सीकरी गांव में मतदान स्थल पर संदिग्ध अवस्था में खड़े खादरवाला निवासी मौहम्मद युनूस को हिरासत में ले लिया। जांच में पाया कि वह रिश्तेदारी में सीकरी आया हुआ था। मोरना क्षेत्र के कई गांवों का प्रेक्षक मुकेश मेश्राम ने दौरा कर मतदान का जायजा लिया।
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