बिजली की बढ़ी दरों के विरोध में धरना
पुरकाजी। प्रदेश में निजी नलकूप और ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ाई गई घरेलू बिजली की दरों के विरोध में मंगलवार को भाकियू ने खंड विकास कार्यालय पर धरना देकर विद्युत दरों को घटाने की मांग की। अपनी छह मांगों का मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया।
धरने को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि बिजली दरों में अचानक की गई वृद्धि से किसानों को नुकसान सहना पड़ेगा। वक्ताओं ने मुख्यमंत्री के नाम दिए गए ज्ञापन में बढ़ाई गई विद्युत दरों को अविलंब वापस लेने, सभी तरह के वाहनों की समय सीमा 15 वर्ष करने, फसल लागत मूल्य में 50 प्रतिशत जोड़कर न्यूनतम समर्थन मूल्य देने का फार्मूला तुरंत लागू करने, प्रदेश में आलू, गन्ना, धान के किसान को बोनस दिए जाने आदि छह मांगों को पूरा करने की मांग की। एसडीओ विद्युत की टिप्पणी पर किसानों ने आक्रोश प्रकट किया। इस दौरान नवीन राठी, संजय त्यागी, विकास कुमार, जहीर फारूकी, बिट्टू राठी, रियासत खलीफा, हरिओम त्यागी, प्रताप सिंह, नैपाल सिंह, मोहित पंवार, तिलकराम, मोनू राठी, नरेश गुर्जर, सन्नी गुर्जर, कामिल प्रधान, मनीष प्रधान, रामनाथ त्यागी, सन्नी त्यागी, मुनीर अंसारी आदि मौजूद रहे।
डीएम के आदेश के बावजूद स्कूल खुले
(फोटो समाचार)
पुरकाजी। भयंकर ठंड और कोहरे के बावजूद आठवीं तक के कई स्कूल खुले रहे। बच्चों को ठंड और कोहरे के बीच स्कूल जाना पड़ा। अभिभावकों ने कहा कि डीएम के स्कूल बंद करने के आदेश के बावजूद नियमों का पालन नहीं किया जा रहा है। अभिभावक रिंकू मेहता, रोहित खुल्लर, कुलदीप सिंह, प्रदीप चौधरी, शादीराम पाल, पुनीत चौधरी, अमित गर्ग आदि का कहना है कि स्कूल कमेटी के रवैये से रोष व्याप्त है।