शिक्षक बनने के लिए अनिवार्य शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) से 1 लाख 28 हजार अभ्यर्थियों के आवेदन निरस्त कर दिए गए हैं। इन विद्यार्थियों के आवेदन यूपीटीईटी के मानकों पर खरे नहीं उतरे।
परीक्षा नियामक प्राधिकारी कार्यालय यूपी की सचिव नीना श्रीवास्तव ने बताया कि इस बार पूरे प्रदेश से यूपीटीईटी के लिए 8 लाख 93 हजार से ज्यादा अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था।
करीब 1 लाख 28 हजार छात्र ऐसे हैं जिन्होंने टीईटी के मानकों के अनुसार फॉर्म नहीं भरा। बीएड करने वाले छात्रों को केवल उच्च प्राथमिक स्तर की परीक्षा के लिए आवेदन करना था जबकि हजारों अभ्यर्थियों ने प्राथमिक स्तर के लिए आवेदन कर दिया।
बीटीसी, डीएड (विशेष शिक्षा) आदि के छात्रों को प्राथमिक स्तर के लिए आवेदन करना था जबकि उन्होंने उच्च प्राथमिक स्तर के लिए फार्म भरा।
इसके अलावा नर्सरी टीचर ट्रेनिंग (एनटीटी द्विवर्षीय) का एनसीटीई से मान्यता प्राप्त और प्रदेश शासन से संबद्धता प्राप्त होना अनिवार्य था।
जिन अभ्यर्थियों ने एनटीटी प्रदेश शासन से संबद्ध संस्थान से नहीं की, ऐसे अभ्यर्थियों के आवेदन निरस्त किए गए हैं।
उन्होंने बताया कि छात्रों के आवेदन के निरस्तीकरण के आधार का सारांश बेसिक शिक्षा विभाग की वेबसाइट upbasiceduboard.gov.in पर जारी कर दिया गया है।
7 लाख 65 हजार प्रवेश पत्र हुए जारी
परीक्षा नियामक प्राधिकारी कार्यालय यूपी के कुलसचिव नवल किशोर ने बताया कि 8 लाख 93 हजार आवेदनों में से 7 लाख 65 हजार 638 अभ्यर्थियों के प्रवेश पत्र जारी कर दिए गए हैं। सभी अभ्यर्थी बेसिक शिक्षा विभाग की वेबसाइट upbasiceduboard.gov.in से अपने प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकते हैं।
27-28 जून को होगी परीक्षा
यूपीटीईटी 2013, 27 और 28 जून को पूरे प्रदेश में आयोजित की जाएगी। 27 जून को सुबह 10 से 12.30 बजे तक प्राथमिक स्तर, दोपहर 2.30 बजे से 5.00 बजे तक प्राथमिक स्तर भाषा की परीक्षा होगी। वहीं 28 जून को पहली पाली में उच्च प्राथमिक स्तर और दूसरी पाली में उच्च प्राथमिक स्तर भाषा की परीक्षा आयोजित की जाएगी।