मुरादाबाद। सड़कों पर बिना पार्किंग खड़े बेतरतीब वाहन और शहर में लग रहा जाम। बुध बाजार हो, मंडी चौक हो या गंज बाजार। कहीं भी पार्किंग की व्यवस्था नहीं है। शहर को स्मार्ट सिटी का दर्जा तो मिल गया लेकिन जिम्मेदार पार्किंग की व्यवस्था करना ही भूल गए। जाम लगने से बाजार में ग्राहकों ने जाना कम कर दिया है और व्यापारियों का कारोबार प्रभावित हो रहा है।
बुध बाजार, बर्तन बाजार, चौमुखा पुल, बाजार गंज, मंडी चौक, अमरोहा गेट, कोर्ट रोड समेत अन्य बाजार में पार्किंग की व्यवस्था नहीं है। इन बाजारों में लोग सड़क किनारे दो पहिया व चार पहिया वाहनों को खड़ा करते हैं। बाजारों में भारी संख्या में ई-रिक्शा का संचालन किया जाता है। स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि शहर में न तो पार्किंग की व्यवस्था है और न ही ट्रैफिक की।
ग्राहक अमरोहा गेट व बुध बाजार में सड़कों के बीच में वाहन खड़े करते हैं। बाजार में ई-रिक्शाओं की लंबी-लंबी कतारें लग जाती हैं। पैदल निकलने वालों को भी परेशानी होती है। दुकानदार बताते हैं कि जाम लगने की वजह से पिछले तीन साल में 50 प्रतिशत ग्राहक कम हो गए हैं। बाजार गंज के कपड़ा कारोबारी संजय का कहना है कि पहले की अपेक्षा ग्राहकों की संख्या आधी हो गई है।
लोग दिल्ली रोड, कांठ रोड समेत अन्य जगहों पर लगी दुकानों पर सामान खरीदने के लिए मजबूर है। जबकि अन्य जगहों की तुलना में शहर के प्रमुख बाजार में सामान सस्ते मिलते हैं। उनका कहना है कि जब तक पार्किंग की उचित व्यवस्था नहीं होती है और ई-रिक्शाओं का संचालन जोन वार नहीं किया जाता, तब तक जाम की समस्या बनी रहेगी। हालांकि नगर-निगम के अधिकारी शहर में कई जगहों पर पार्किंग की व्यवस्था करने का दावा करते हैं लेकिन वह पर्याप्त नहीं है।
दुकानदार बोले
-पार्किंग नहीं है। दुकान से सटाकर फुटपाथ बना दिया गया है। दो पहिया वाहन खड़ा करने की जगह नहीं है। वाहन खड़ा करने पर पुलिस की ओर से चालान कर दिए जाते हैं। इसलिए ग्राहक आना कम कर दिए हैं। कारोबार का सालाना टर्नओवर 50 प्रतिशत घटा है।
-अशोक कुमार सिक्का, दुकानदार, कोर्ट रोड
-स्मार्ट सिटी के तहत सड़क बना दी गई हैं लेकिन पार्किंग की व्यवस्था नहीं की गई। ग्राहकों को वाहन खड़ा करने के लिए जगह नहीं है। सड़क पर दो पहिया व चार पहिया वाहन खड़ा कर देने पर जाम लग जाता है। इसकी वजह से बाजार में ग्राहकों ने आना कम कर दिया है।
-संजय ढल, दुकानदार, कोर्ट रोड
-बाजार गंज में प्रतिदिन जाम लगता है। भारी संख्या में ई-रिक्शाओं का आना-जाना लगा रहता है। दुकानों के सामने दो पहिया वाहनों के खड़ा करने पर उनका 500 रुपये का चालान हो जाता है। ग्राहकों को काफी नुकसान होता है। ग्राहक कम आ रहे हैं दुकानदारी प्रभावित हो रही है।
-अगम अग्रवाल, दुकानदार, गंज बाजार
-बाजार में भारी संख्या में ई-रिक्शाओं का आना-जाना लगा रहता है। इन पर रोक लगानी चाहिए। इसके साथ दो पहिया वाहनों को लिए पार्किंग की उचित व्यवस्था करनी चाहिए। बाजार की सड़कों की चौड़ाई कम है। सड़क किनारे वाहन खड़ा कर देने से जाम लग जाता है।
-विशेष, दुकानदार, गंज बाजार
-पांच साल में जाम की समस्या बढ़ गई है। बाजार में पार्किंग नहीं है और भारी संख्या में ई-रिक्शा चलते हैं। ई-रिक्शा चालक वाहन ठीक से नहीं चलाते हैं। इन पर कोई रोक-टोक नहीं है। कहीं से भी-रिक्शा को चालक मोड़ लेते हैं। ई-रिक्शाओं के आमने-सामने आने से सबसे ज्यादा जाम लगता है।
-अर्श, दुकानदार, अमरोहा गेट
-बाजार में ग्राहक नहीं है। ग्राहक आते हैं तो वह दुकान के सामने वाहन खड़ा करते हैं। कभी-कभी ग्राहकों के वाहनों का चालान काट दिया जाता है। वह दूसरी बार बाजार में आना ही नहीं चाहते हैं। दिल्ली रोड, कांठ रोड स्थित दुकानों पर सामान नहीं मिलने पर ही ग्राहक बाजार में आते हैं।
-संजय, बर्तन कारोबारी, बर्तन बाजार
-मुख्य बाजार ग्राहकों के लिए अब वैकल्पिक बाजार बन गया है। दूर के ग्राहक नहीं आते हैं। छोटे दुकानदार थोक भाव का सामान खरीद लेते हैं तो उन्हें बाजार से सामान को निकालने में काफी समय लगता है। जाम में जो भी ग्राहक फंसते हैं उन्हें निकलने में 30 मिनट से अधिक समय लग जाते हैं।
- अतुल खन्ना, कपड़ा कारोबारी, मंडी चौक
-बाजार में पार्किंग बनाने के लिए कई बार मांग की गई लेकिन पार्किंग बनाई नहीं गई। ई-रिक्शाओं की संख्या अधिक होने से जाम लगता है। कारोबार बहुत कम हो गया है। ग्राहक बाजार में आने की अपेक्षा दिल्ली रोड, कांठ रोड पर स्थित दुकानों पर सामान खरीद लेते हैं।
-पीके वर्मा, सराफा कारोबारी, मंडी चौक
-बुध बाजार का सौंदर्यीकरण किया गया लेकिन पार्किंग की व्यवस्था नहीं की गई। लोग सामान खरीदने आते हैं तो वाहनों को सड़क किनारे व बीच में खड़ा करते हैं। शाम को बाजार में जाम लगने लगता है। इसकी वजह से ग्राहकों के साथ ही दुकानदारों को काफी समस्या होती है।
-प्रदीप कुमार वर्मा, दुकानदार, बुध बाजार
-बुध बाजार में पार्किंग नहीं है। बुध बाजार का सौंदर्यीकरण कराने के बाद पार्किंग की और समस्या बढ़ गई है। दुकानों के सामने जगह नहीं बची है। फुटपाथ बना दिए गए हैं। लेकिन इसका इस्तेमाल कोई नहीं करता है। सबसे ज्यादा जाम शाम के समय लगता है।
-मोहम्मद फहीम, दुकानदार, बुध बाजार