केस एक: 16 अप्रैल को महिला यात्री शीलू ठठेर हावड़ा से ऋषिकेश जाने वाली (13009) दून एक्सप्रेस के एस-1 कोच में अपने परिवार के साथ सफर कर रही थीं। रात 12:15 बजे ट्रेन मुरादाबाद जीआरपी क्षेत्र में थी। उसी समय यात्री का बैग चोरी हो गया। उसमें एक मंगलसूत्र, दो सोने की चेन, दो मोबाइल व अन्य सामान था। महिला ने यात्रा से वापस आकर 21 अप्रैल को शिकायत दर्ज कराई।
केस दो: 18 अप्रैल को देहरादून में तैनात रेलवे के सीनियर सेक्शन इंजीनियर का परिवार (14120) देहरादून-काठगोदाम एक्सप्रेस में सफर कर रहा था। उनकी पत्नी एस-3 कोच में 31 नंबर सीट पर बैठी थीं। धामपुर के आसपास उनकी पत्नी का हैंड बैग चोरी हो गया। इसमें मोबाइल, सोने की चेन व छह हजार रुपये थे। एसएसई की शिकायत पर मुरादाबाद जीआरपी थाने में मुकदमा दर्ज हुआ है।
केस तीन: 25 अप्रैल को संतोष कुमार गुप्ता व उनका परिवार देहरादून से गोरखपुर के लिए (15006) राप्ती गंगा एक्सप्रेस में सवार हुए। उनका आरक्षण सेकेंड एसी कोच में था। ट्रेन मुरादाबाद से चली तो उनकी पत्नी का हैंडबैग एक युवक लेकर भाग गया। शिकायत के मुताबिक हैंड बैग में दो अंगूठी, मंगलसूत्र व अन्य गहने थे। साथ ही 30 हजार रुपये कैश था। गहनों की कीमत लगभग 3.5 लाख रुपये बताई गई। यात्री ने गोरखपुर पहुंचकर केस दर्ज कराया, जोकि मुरादाबाद थाने में ट्रांसफर होकर आएगा।
पिछले कुछ दिन में हुई घटनाओं पर हमारा स्टाफ काम कर रहा है। हमने चार आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा है। कुछ आरोपियों को और गिरफ्तार करना है। हमारी टीमें काम में जुटी हैं, उम्मीद है गैंग के सभी सदस्य जल्द हमारी गिरफ्त में होंगे। - देवी दयाल, सीओ जीआरपी