मुरादाबाद जिला अस्पताल में एमआरआई के लिए भवन तो तीन साल पहले बन गया लेकिन इसमें मशीन आज तक नहीं लग पाई है। नसों की बीमारी व हड्डी से संबंधित शिकायतों वाले मरीजों को इसकी जरूरत पड़ती है। मजबूरी में लोग निजी अस्पतालों में हजारों रुपये खर्च कर जांच करा रहे हैं।
जिला अस्पताल में फिलहाल मरीजों को एक्स-रे, अल्ट्रासाउंड व पैथोलॉजी लैब में विभिन्न जांचों की सुविधा मुफ्त मिल रही है। जबकि सीटी स्कैन में 500 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। बड़ी संख्या में मरीज इन सुविधाओं का लाभ ले रहे हैं।
एक ही रेडियोलॉजिस्ट होने के कारण अल्ट्रासाउंड कराने के लिए 20 दिन तक लोगों को इंतजार करना पड़ता है। उम्मीद है कि रेडियोलॉजिस्ट की नियुक्ति होने पर मरीजों को इतने दिन की वेटिंग नहीं दी जाएगी। साथ ही एमआरआई भी आसानी से हो सकेगी।
एमआरआई मशीन का मुद्दा मुख्यालय के संज्ञान में है। शासन बड़े स्तर पर मशीनों की खरीद करता है, इसलिए कई बार गुणवत्ता कारणों से समय लग जाता है। जल्द ही लोगों को यहां एमआरआई की सुविधा मिलेगी। - डॉ. राजेंद्र कुमार, चिकित्सा अधीक्षक, जिला अस्पताल