मुरादाबाद। रामपुर की पूर्व सांसद एवं अभिनेत्री जयाप्रदा के खिलाफ अभद्र टिप्पणी करने के मामले में आरोपियों के उपस्थित न होने की वजह से सुनवाई नहीं हो सकी। मुकदमे में बुधवार को चार्ज के निर्धारण पर सुनवाई होनी थी।
रामपुर की आवास विकास कॉलोनी निवासी मुस्तफा हुसैन ने सिविल लाइंस थाने में रामपुर के सपा सांसद एवं पूर्व मंत्री आजम खां, उनके बेटे अब्दुल्ला आजम, मुरादाबाद के सपा सांसद डॉ. एसटी हसन, राम नगर पालिका के पूर्व अध्यक्ष अजहर खां, फिरोज खां, सैयद आरिफ हसन और तीन अज्ञात के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मुस्तफा हुसैन की ओर से आरोप लगाया गया था कि 30 जून 2019 को कटघर थानाक्षेत्र स्थित मुस्लिम डिग्री कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में पूर्व सांसद व अभिनेत्री जयाप्रदा के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की गई थी। इस केस की सुनवाई एमपी/एमएलए स्पेशल न्यायाधीश पुनीत गुप्ता की अदालत में चल रही है।
केस के विवेचक की ओर से अदालत में पिछली तिथियों पर प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया गया था। जिसमें विवेचक ने डॉ. एसटी हसन की आवाज का नमूना लेने की अनुमति मांगी थी। अदालत ने विवेचक के प्रार्थना पत्र को स्वीकार कर लिया था। मुकदमे में चार्जशीट अदालत में दाखिल की जा चुकी है। विशेष लोक अभियोजक मोहनलाल विश्नोई ने बताया कि विधि विज्ञान प्रयोग लखनऊ में जांच के लिए आवाज का नमूना भेज दिया गया था। जिसमें अभी तक कोई रिपोर्ट अदालत में दाखिल नही की गई है। रिपोर्ट आने का इंतेजार किया जा रहा है।
बुधवार को आरोपियों के ऊपर चार्ज निर्धारित किया जाना था, लेकिन कोई आरोपी अदालत में पेश नही हुआ। जिस कारण चार्ज तय नहीं किए जा सके।
सपा सांसद आजम खां के वकील शाहनवाज सिब्तेन ने बताया कि सपा नेता और इस मुकदमे में आरोपी बनाए गए आजम खां की तबीयत अत्यधिक खराब है। वह लखनऊ के निजी अस्पताल में भर्ती हैं। ऐसी स्थिति में उनका आना मुश्किल है। वहीं अगर मुकदमे की ओर देखा जाए तो चार्ज तब तक तय नहीं हो सकता। जब तक सभी आरोपी अदालत में हाजिर न हों। फिलहाल अदालत ने सुनवाई के लिए 17 सितंबर की तारीख तय की है। जिसमें आरोपियों को तलब किया गया है। आरोपों के निर्धारण पर भी सुनवाई की जाएगी।