मुरादाबाद। पूर्व मुख्यमत्री अखिलेश यादव को पुलिस प्रशासन द्वारा लखीमपुर खीरी जाने से रोकने के विरोध में सपाई सड़कों पर उतर गए। उन्होंने पीली कोठी चौराहे पर सड़क पर लेटकर जाम लगा दिया। सरकार विरोधी नारेबाजी की।
अखिलेश यादव को लखनऊ में रोकने के बाद पार्टी हाईकमान का निर्देश मिलते ही सपाई आंबेडकर पार्क में पहुंचना शुरू हो गए थे। सुबह 11 बजे ही सपा जिलाध्यक्ष डीपी यादव, महानगर अध्यक्ष शाने अली शानू सहित कई सपा पदाधिकारी और सैकड़ों कार्यकर्ता आंबेडकर पार्क पहुंच गए थे। इसकी भनक पुलिस को लग चुकी थी लिहाजा भारी पुलिस बल ने पहले ही आंबेडकर पार्क पर घेराबंदी कर ली थी। एसीएम, सिटी मजिस्ट्रेट सहित कई अधिकारी पहुंच गए।
करीब साढ़े 11 बजे सपा कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए पीली कोठी की ओर बढ़े तो पुलिस अधिकारियों ने उन्हें समझाने की कोशिश की लेकिन सपाई नही माने। पुलिस भी सपाइयों के साथ चलती रही।
पीली कोठी चौराहे पर पहुंचकर सपा कार्यकर्ता सड़क पर लेट गए और जाम लगा दिया। चौराहे के बीच में सड़क पर धरना और नारेबाजी शुरू कर दी। इसके बाद सपा कार्यकर्ता आंबेडकर पार्क पहुंचे और यहां पर धरना शुरू कर दिया। इसी बीच कुछ युवा सपाइयों ने पार्क में ही कुछ दूर गुपचुप ढंग से कुछ कागजों को एकत्रित कर एक छोटा सा पुतला बनाकर उसे जलाने की कोशिश की। वहां मौजूद पुलिस बल की नजर इस पर पड़ी तो पुलिस कर्मी दौड़े। इस दौरान धक्का मुक्की और अफरा तफरी का माहौल बन गया।
इस दौरान सपा सांसद एसटी हसन, मुरादाबाद देहात विधायक हाजी इकराम कुरैशी भी पहुंच गए थे। पार्क के बाहर पुलिस बल तैनात रहा। शाम करीब पौने चार बजे सपा नेताओं ने राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन मौके पर पहुंचे सिटी मजिस्ट्रेट को दिया और वापस लौट गए। कुंदरकी विधायक हाजी रिजवान, पूर्व प्रदेश सचिव हावी सलाउद़दीन मंसूरी, पूर्व जिलाध्यक्ष जयवीर सिंह, नाजिम अली, बाबर खान, यूसुफ अंसारी, मुदस्सिर खान, राजेश कुमारी यादव, वेद प्रकाश सैनी आदि शामिल रहे। संचालन धर्मेद्र यादव ने किया।