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बांग्लादेशी 'हसीना' की प्रेम कहानी: जूलिया अख्तर ने जूली बनकर की थी अजय से दोस्ती, लालच में सरहद लांघ गया युवक

Wed, 19 Jul 2023 01:45 PM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, मुरादाबाद

सार

जूली के प्यार में सरहद पार कर बांग्लादेश पहुंचा मुरादाबाद का अजय फंस गया है। वह अपनी मां को बार-बार मैसेज कर बता रहा है कि उसकी जिंदगी बचा लीजिए। जूली और उसके परिवार के लोग उसे डंडों से पीटते हैं। सुबह, दोपहर और शाम को उसकी पिटाई की जाती है। किसी तरह 15 हजार रुपये भेज दीजिए। 
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ajay julie case - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बांग्लादेश की जूलिया अख्तर ने जूली बनकर अजय सैनी से दोस्ती की थी। शुरुआत में जूली ने अपनी पूरी जानकारी अजय को नहीं दी थी। धीरे-धीरे दोस्ती बढ़ती गई तो वह अपने भेद खोलने लगी थी। दोनों की फोन पर भी लंबी बात होती थी।
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पुलिस की जांच में सामने आया है कि बांग्लादेश के ढाबा स्थित गाजीपुर निवासी जूलिया अख्तर ने फेसबुक पर जूली नाम से आईडी बनाई थी जबकि गौतम नगर नया गांव निवासी अजय सैनी ने चौधरी अजय सिंह के नाम से फेसबुक पर एकाउंट खोला था। दोनों के बीच करीब दो साल पहले फेसबुक पर दोस्ती हुई थी। 

अजय रील बनाकर फेसबुक पर पोस्ट करता था। जिसके जरिए अजय और जूली के बीच दोस्ती और बढ़ती चली गई। एक साल पहले जूली यहां आई तो उसने देखा कि अजय का परिवार यहां किराये के छोटे से मकान में रहता है। 
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उसने मकान और गाड़ी सब कुछ अपना होने की बात कही थी जबकि जूली को यहां आकर पता चला कि उसके पास कुछ भी नहीं है। इसके बाद दोनों के बीच कई बार यहां भी झगड़ा हुआ है। जूली और अजय की शादी के वक्त परिवार नया गांव में एक डेयरी के पास किराये के मकान में रहते थे।

पुलिस का दावा, घर वाले बेदखल कर रहे थे, इसलिए बांग्लादेश गया अजय
सीओ सिविल लाइंस अर्पित कपूर ने बताया कि बांग्लादेश जूली और अजय की कहानी सामने के बाद पुलिस मामले की जांच पड़ताल में जुट गई है। पुलिस टीम ने अजय के घर पूछताछ की। इसके अलावा पुलिस ने अजय ने व्हाट्सएप काॅल के जरिए बातचीत की। उसने बताया कि परिवार के लोग उसे बेदखल कर रहे थे। 

 

इसलिए वह अपनी मर्जी से जूली के साथ बांग्लादेश आया है। 3-4 माह बाद वह धान की फसल की कटाई करने के लिए परिवार के साथ कर्नाटक जाएगा। वहां उसे धान काटने वाली मशीन चलानी है। डॉक्टर के पर्चे और घायल हालत में भेजे गए फोटो के बारे में वह कोई जानकारी नहीं दे पाया। 

 

उसने पुलिस को ये भी जानकारी दी कि जूली का असली नाम जूलिया अख्तर है। यहां जूली का अपना मकान है। जिसमें 7-8 कमरे हैं। उन कमरों के किराये से वह अपने परिवार का खर्चा करती है। जूली के पति की मृत्यु हो चुकी है।

 

खुफिया एजेंसियों ने सुनीता से की पूछताछ
बांग्लादेशी महिला के मुरादाबाद में आने और फिर यहां से एक युवक को अपने साथ ले जाने की जानकारी मिलने के बाद खुफिया एजेंसी भी अलर्ट हो गई हैं। मंगलवार को पुलिस के अलावा एलआईयू और अन्य खुफिया एजेंसियों ने भी अजय की मां से पूछताछ की और पूरे मामले की जानकारी जुटाई।

उधर, सर्विलांस सेल अजय और जूली के मोबाइल की कॉल डिटेल खंगाल रही है। इसके अलावा दोनों के फेसबुक एकाउंट का डाटा भी मांगा गया है। सोमवार सुबह दस बजे ही सुनीता को पहले थाने बुलाकर पूछताछ की गई। इसके बाद एलआईयू दफ्तर में महिला से पूछताछ की गई। शुरुआत से लेकर अब तक पूरा मामला सुनीता से पूछताछ गया।
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जूली के पासपोर्ट और वीजा के बारे में भी जानकारी की गई। सुनीता और उसके बेटों ने बताया कि जूली के पास कई कागजात थे। जिन्हें वो पासपोर्ट और वीजा बताती थी लेकिन कभी उसने किसी दूसरे के हाथ में अपने दस्तावेज नहीं दिए थे। करीब तीन घंटे चली पूछताछ के बाद सुनीता को घर भेज दिया गया।
 
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