अगवानपुर। अगवानपुर नगर पंचायत कार्यालय में शुक्रवार को अधिशासी अधिकारी की मौजूदगी में एक व्यक्ति ने सफाईकर्मियों को जाति सूचक शब्द बोल दिए, इससे वहां मौजूद कर्मी भड़क गए। आक्रोशित कर्मियों ने युवक के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर पहले नगर पंचायत और फिर पुलिस चौकी में हंगामा किया। इस बीच आरोपी व्यक्ति भी पुलिस चौकी पहुंच गया। उसने सार्वजनिक तौर पर माफी मांगी तब जाकर सफाई कर्मियों का गुस्सा शांत हुआ। दोनों पक्ष में समझौता हो गया, बावजूद इसके सफाईकर्मी काम पर नहीं लौटे। उन्होंने नगर पंचायत अधिकारी पर कर्मचारियों को परेशान करने का आरोप लगाते हुए डीएम को शिकायती पत्र दिया।
नगर पंचायत अगवानपुर के 34 सफाई कर्मी दो दिन से हड़ताल पर है। यह कर्मचारी वेतन कटौती, समय से वेतन का भुगतान और पीएफ नहीं मिलने से नाराज हैं। शुक्रवार को अधिशासी अधिकारी मुरारी लाल शर्मा ने सभी कर्मचारियों को बातचीत के लिए नगर पंचायत कार्यालय में बुलाया था। अधिशासी अधिकारी ने जल्द से जल्द समाधान का आश्वाशन दिया और कर्मचारी काम पर लौटने को सहमत हो गए। सफाईकर्मी हड़ताल पर विराम लगाने पर विचार कर रहे थे कि पूर्व में नगर पंचायत का काम कर चुका एक राज मिस्त्री कार्यालय में आ गया। आरोप है कि उसने सफाईकर्मियों के लिए जाति सूचक अपशब्द कह उन्हें नगर पंचायत से बाहर कर दिए जाने की बात कही। इससे वहां मौजूद सफाईकर्मी भड़क गए। उन्होंने विरोध जताते हुए नगर पंचायत में हंगामा कर दिया। नाराज कर्मी पुलिस चौकी पहुंच गए और युवक के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए वहां भी हंगामा किया। देर बार में आरोपी युवक भी पुलिस चौकी में पहुंच गया। उसे देख सफाईकर्मियों का गुस्सा भड़क गया, काफी गहमागहमी के बाद युवक ने अपनी गलती मानते हुए सार्वजनिक रूप से क्षमा मांग ली। समझाने बुझाने पर सफाईकर्मी शांत हुए और दोनों पक्ष में समझौता हो गया। इसके बावजूद कर्मचारी काम पर नहीं लौटे और हड़ताल खत्म नहीं की। सभी कर्मचारियों ने जिलाधिकारी को प्रार्थना पत्र देकर अपनी पीड़ा सुनाई। उन्होंने नगर पंचायत के अधिकारियों पर समय से वेतन नहीं देने और प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है।