मुरादाबाद। जिला जेल में बंद बंदी की बीमारी से मौत हो गई। पांच साल पहले उसे बेटी की हत्या के आरोप में जेल भेजा था। पुलिस ने पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों की सुपुर्दगी में दे दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भी बीमारी से मौत होना बताया गया है।
पुलिस के मुताबिक, नागफनी थानाक्षेत्र के बंगला गांव निवासी नन्हें (40) तांगा चलाता था। बदायूं के बिसौली निवासी रीना से उसकी शादी हुई थी। दंपती के पांच बच्चे हैं। पांच साल पहले पति-पत्नी के बीच विवाद हो गया था। इसी विवाद में नन्हें ने पत्नी पर चाकू से हमला किया था। बीच में सोलह वर्षीय बेटी संजना आ गई थी। चाकू लगने से संजना गंभीर रूप से घायल हो गई थी। उसे गंभीर हालत में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां उसकी मौत हो गई थी। पत्नी रीना ने पति के खिलाफ केस दर्ज करा दिया था। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद जेल भेज दिया था।
जेल अधीक्षक विरेश राज शर्मा ने बताया कि एक साल से बंदी नन्हे की तबियत खराब चल रही थी। तब उसे उसका इलाज चल रहा था। शनिवार सुबह बंदी को फिर से जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। सिविल लाइंस थाना प्रभारी आरपी सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजनों की सुपुर्दगी में दे दिया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के मुताबिक, बंदी की मौत बीमारी के कारण हुई है। बंदी नन्हें को किडनी और लीवर में कैंसर हो गया था।