मुरादाबाद। नए शैक्षिक सत्र की शुरुआत हो गई है। इसके साथ ही एनसीसी में प्रवेश के लिए पंजीकरण की तैयारी की जा रही है। मुरादाबाद से एनसीसी की कैडेट्स का 26 जनवरी को राजपथ पर होने वाली परेड का प्रतिभाग बढ़ रहा है। प्रतिवर्ष मुरादाबाद से तीन से चार कैडेट्स आरडीसी (रिपब्लिक डे कैंप) में प्रतिभाग करती हैं, जिसकी वजह से एनसीसी के प्रति बालिकाओं का रुझान बढ़ रहा है। स्थिति यह है कि पहले जहां एडमीशन के लिए बालिकाओं को जागरूक किया जाता था, वहीं अब सीटों की दो गुनी संख्या में पंजीकरण होते हैं। सीओ एनसीसी गर्ल्स नवीं बटालियन का कहना है कि इस स्थिति को देखते हुए बटालियन ने सीटों में बढ़ोत्तरी की है।
मुरादाबाद में नवीं गर्ल्स बटालियन की कुल 1158 सीटें हैं। सीनियर विंग में 19 कालेजों में 958 सीटों पर एनसीसी का संचालन किया जा रहा है, जबकि जूनियर विंग में चार स्कूलों में दो सौ सीटें हैं। विभागीय अधिकारियों के अनुसार मुरादाबाद से वर्ष 1973 में केजीके कालेज की कैडिट हरजीत कौर ने पहली बार राजपथ परेड में प्रतिभाग किया था। इन्होंने वर्ष 1975 में पैराजंपिंग में प्रतिभाग किया था। इसी वर्ष गोकुलदास हिंदू गर्ल्स कालेज की दो कैडेटों ने आरडीसी में प्रतिभाग किया। वर्ष 1973 से वर्ष 2020 तक करीब 90 कैडेटों ने आरडीसी, थल सैनिक कैंप, वाईईपी (यूथ एक्सचेंज) में प्रतिभाग किया है। एनसीसी अधिकारियों का कहना है कि पिछले वर्ष दो कैडेटों सृष्टि सिंह और राखी शर्मा का यूथ एक्सचेंज प्रोग्राम के लिए चयन हुआ था, लेकिन जिस देश में इन्हें जाना था, उस देश के नाम की सूची आने से पहले ही कोरोना संक्रमण काल शुरू हो गया। संक्रमण की वजह से यह कार्यक्रम स्थगित कर दिया गया है और कैडेट्स प्रतिभाग नहीं कर पाई हैं।
सेना में जाने का सपना है प्रमुख वजह
एनसीसी में जाने का प्रमुख रुझान देश सेवा का सपना भी होता है, क्योंकि सी प्रमाण पत्र धारक कैडेट को लिखित परीक्षा में छूट मिलती है और वह सीधे साक्षात्कार राउंड में पहुंच जाते हैं। अधिकारियों के अनुसार अभी तक दो गर्ल्स कैडेट का सेना में चयन हो चुका है। सी प्रमाण पत्र धारक कैडेट को एनसीसी विभाग, पुलिस, अर्धसैनिक बल क्षेत्र में रोजगार के अवसर मिलते हैं।
कई बार सीटों की कमी की शिकायत मिलती है। हमारा प्रयास जूनियर स्तर पर छात्राओं को एनसीसी लेने के लिए प्रोत्साहित करने का है। इसलिए इस वर्ष सेल्फ फाइनेंस स्कीम के तहत जूनियर विंग में 50 सीटें उपलब्ध कराई गई हैं। एनसीसी की शर्तों को पूरा करने वाले स्कूल को यह सीटें दी जाएंगी।
कर्नल राजेश मिश्रा, कमान अधिकारी, नवीं यूपी गर्ल्स बटालियन एनसीसी