15 हजार लोगों की आजीविका पर खतरा
मुरादाबाद। स्थानीय व्यापारी संजय अरोड़ा, भरत अरोड़ा, अनीस आदि का कहना है कि बस अड्डे के सामने, कटघर में और संभल फाटक वाले पुल के पास 165 दुकानें हैं। इन दुकानों से 15 हजार लोगों को पालन पोषण हो रहा है। यदि रेलवे दुकानें हटाने की कार्रवाई करता है तो लोग सड़क पर आ जाएंगे।
व्यापारियों की मांग है कि उन्हें दूसरे स्थान पर दुकानें बनाकर दी जाएं। वहीं कुछ व्यापारियों का कहना है कि दुकानों का मामला कोर्ट में चल रहा है। बिना फैसला आए दुकानों को हटाने के लिए लाल निशान लगाना गलत है।
कई दुकानों का मामला कोर्ट में चल रहा है। बिना परिणाम के रेलवे द्वारा कार्रवाई की जा रही है। हम अपनी रोजी रोटी बचाने के लिए प्रशासन व जनप्रतिनिधियों से अपील कर रहे हैं। - संजय अरोड़ा, व्यापारी
1971 के बाद से यहां दुकानें स्थापित हैं। रेलवे के पास जमीन का रिकॉर्ड नहीं है और व्यापारियों के पास 2002 के बाद तक इज्जत नगर मंडल में जना किए गए किराये की रसीदें हैं। इस तरह लोगों को हटाना नहीं चाहिए। - भरत अरोड़ा, व्यापारी
10 से 15 हजार लोगों का परिवार इन दुकानों से चलता है। हमारे कई साथियों की दुकान पर लाल निशान लगाए गए हैं। इसका हम सभी मिलकर विरोध कर रहे हैं। - अनीस, व्यापारी
जनप्रतिनिधियों और प्रशासनिक अधिकारियों के सामने दुकानदारों ने अपना पक्ष रखा है। जनप्रतिनिधियों की ओर से आश्वासन भी मिला है। उम्मीद है कि समस्या का हल निकलेगा। - मो. तसलीम, व्यापारी
दुकानें रेलवे की जमीन पर हैं। नियमानुसार और कानूनी प्रक्रिया के तहत रेलवे की जमीन खाली कराने का प्रयास किया जा रहा है। जिला प्रशासन व पुलिस के समन्वय से यह कार्य किया जाएगा। - आदित्य गुप्ता, सीनियर डीसीएम