भोजपुर के बीजना गांव निवासी सतेंद्र यादव की हत्या उसके ही भतीजे कुणाल ने की थी। सोमवार को पुलिस ने आरोपी भतीजे को गिरफ्तार कर हत्याकांड का खुलासा कर दिया। आरोपी ने पुलिस पूछताछ में बताया कि शराब पीकर चाचा ने उसकी मां और बहन को गालियां दी थीं।
इससे नाराज होकर ही उसने खानपुर स्थित प्लॉट में चाचा की गला घोंटकर हत्या कर दी थी और घर आकर सो गया था। एसपी देहात कुंवर आकाश सिंह ने बताया कि भोजपुर क्षेत्र के बीजना निवासी सतेंद्र मजदूरी करता था।
नाै अक्तूबर की सुबह उसका शव पड़ोसी गांव खानपुर के एक प्लाॅट में पड़ा मिला था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला घोंटकर हत्या की पुष्टि हुई थी। इस मामले में सतेंद्र के भाई राजवीर ने अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कराया था।
पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू करते हुए ग्रामीणों से बात की तो पता चला कि सतेंद्र रोज शराब पीकर आता था और घर में झगड़ा करता था। पुलिस पूछताछ करने घर पहुंचती तो उसका भतीजा कुणाल इधर-उधर चला जाता था।
भतीजे पर शक गहराने पर पुलिस ने सतेंद्र के परिवार के लोगों और करीबियों से पूछताछ की। इसके बाद भतीजे को हिरासत में ले लिया। पूछताछ में आरोपी ने बताया कि उसके चाचा सतेंद्र आठ अक्तूबर की रात शराब पीकर घर आए थे।
मां और बहन के साथ गाली-गलौज की थी। इससे उसे गुस्सा आ गया। रात करीब साढ़े 10 बजे सतेंद्र दोबारा खानपुर स्थित दुकान से शराब खरीदने गया तो आरोपी भी उसके पीछे-पीछे गया। रास्ते में आरोपी ने सतेंद्र के सिर पर डंडे से हमला कर दिया।
नशे में होेने के कारण वह गिर गया तो पास में ही नल पर बंधी जाली से गला घोंटकर हत्या कर दी और शव प्लाॅट में फेंक दिया। इसके बाद आरोपी घर के पीछे से चढ़कर छत पर जाकर सो गया था। हत्यारोपी कुणाल के पिता ने ही रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
आरोपी बोला, एक साल से चाचा से था परेशान
पुलिस की गिरफ्त में आए आरोपी कुणाल ने बताया कि चाचा अविवाहित थे और वह रोज घर आकर कभी अपनी शादी को लेकर तो कभी अपने हिस्से को लेकर झगड़ा करते थे। मां और बहन के साथ अभद्रता करते थे।
पिछले एक साल से ऐसा कोई भी दिन नहीं होगा, जिस दिन चाचा ने घर में विवाद न किया हो। रोज-रोज झगड़े के चलते मैं पढ़ाई भी नहीं कर पा रहा था। कई बार समझाने के बाद भी चाचा ने अपनी हरकतें बंद नहीं कर रहे थे।
15 दिन से चाचा को ठिकाने लगाने की योजना बना रहा था। आठ अक्तूबर की रात जब सतेंद्र ने मां-बहन से गाली-गलाैज की तो हत्या कर दी।