नगर पालिका के चुनाव में सभासद बनने का ख्वाब देख रहा एक हिंदू युवक मुस्लिम वोटों के लालच में ईद पर नगर की एक मस्जिद में नमाज पढ़ने पहुंच गया। बाद में नमाजियों के साथ खुद का फोटो वायरल कर दिया। इस जानकारी पर भड़के हिंदू संगठनों ने थाने में तहरीर देकर मस्जिद के इमाम व कमेटी के पदाधिकारियों पर धर्मांतरण के प्रयास का आरोप लगाया है। साथ ही हिंदू युवक के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग की है। नगर में रोजमर्रा इस्तेमाल के सामान की दुकान संचालित करने वाले युवक का टोपी पहनकर नमाजियों के साथ खड़ी मुद्रा का फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। फोटो देखते ही हिंदू संगठनों की सक्रियता बढ़ गई। हिंदू संगठनों के नेताओं ने पूछताछ की तो युवक ने ईद पर मस्जिद में जाकर अन्य नमाजियों के साथ नमाज पढ़ने की बात स्वीकार की। दूसरी ओर संबंधित मस्जिद के इमाम ने भी उसके नमाज पढ़ने की बात स्वीकार की और तर्क दिया कि उन्होंने व मस्जिद कमेटी के पदाधिकारियों ने इसे सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल पेश करने की कोशिश के रूप में लिया है।
इस मामले पर भड़के बजरंग दल व विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ता बृहस्पतिवार को थाने पहुंचे और मस्जिद के इमाम व मस्जिद कमेटी के पदाधिकारियों पर धर्मांतरण के प्रयास का आरोप लगाते हुए थाने में तहरीर दी। साथ ही नमाज पढ़ने वाले युवक पर भी कार्रवाई की मांग की। इस मौके पर बजरंग दल के विभाग संयोजक हेमंत सारस्वत, अंकित शर्मा, विपिन शर्मा, भूपेश आदि मौजूद थे। थानाध्यक्ष नरेंद्र सिंह ने हिंदू संगठनों के नेताओं को मामले की जांच का आश्वासन देकर शांत किया।
दूसरी ओर हिंदू संगठनों की सक्रियता बढ़ती देख नमाज पढ़ने वाला हिंदू युवक बैकफुट पर आ गया। उसने लिखित बयान वायरल कर कहा है कि नगर पालिका में सदस्य पद पर चुनाव लड़ने और चुनाव में मुस्लिमों के वोट हासिल करने की नीयत से वह ईद पर मस्जिद में नमाज में शामिल हुआ था। आगे लिखा है कि वह जन्मजात हिंदू है तथा उसका अन्य किसी समुदाय से वास्ता नहीं है।