मुरादाबाद। युवती ने घटना से एक दिन पहले अपने प्रेमी को कॉल कर बताया था कि परिजन उसकी हत्या कर देंगे। अगर मुझे बचा सकते हो तो बचा लो। वरना मैं बच नहीं पाऊंगी। प्रेमी ने उसे बचाने का हर संभव प्रयास भी किया। बीस जून की रात वह छिपते छिपाते हुए सुंदरपुर गांव में पहुंच भी गया, मगर प्रेमिका को बचा नहीं पाया।
मैनाठेर निवासी शोभित और सुंदरपुर निवासी मनु के बीच लंबे समय से प्रेम प्रसंग चल रहा था। 19 जून को युवती प्रेमी के साथ कहीं चली गई थी। परिजन उसकी तलाश में जुटे थे। इसी बीच कुछ घंटे बाद युवती घर लौट आई थी। इस बात से परिजन बहुत नाराज थे। उन्होंने युवती की पिटाई भी की थी। इसके अलावा दोनों परिवारों के बीच भी विवाद हुआ था। उस वक्त तो कुछ लोगों ने दोनों पक्षों को समझा कर शांत करा दिया था। परिजनों के बाहर जाने के बाद युवती ने शोभित को तीन बार कॉल की और बताया था कि परिजन उसकी हत्या करने की साजिश रच रहे हैं। अगर मुझे बचाना चाहते तो यहां से ले जाइए। प्रेमी उस रात सुंदरपुर गांव पहुंचा था।
युवती को गायब करने के बाद थाने में दी थी गुमशुदगी की तहरीर
मुरादाबाद। बीस जून की रात युवती के गायब होने के बाद पिता की ओर से मैनाठेर थाने में गुमशुदगी की तहरीर दी गई थी। जिसमें कहा गया था कि युवती किसी के साथ चली गई है। इसके बाद परिवार की ओर से युवती को ढूंढने के लिए पुलिस पर कोई दबाव नहीं बनाया गया था।
पुलिस मामले को दबाने में जुटी थी, एसएसपी के पास पहुंचा गोपनीय पत्र
मुरादाबाद। कुछ लोगों ने पूरे प्रकरण की शिकायत मैनाठेर थाने की पुलिस से की थी, मगर पुलिस ने युवती को बरामद करने के लिए कोई प्रयास नहीं किया। परिजनों से भी कोई पूछताछ नहीं की थी। थाने स्तर पर कोई कार्रवाई नहीं होने के बाद ही एक गोपनीय पत्र एसएसपी कार्यालय भेजा गया था। इसके बाद एसएसपी पवन कुमार मैनाठेर थाने पहुंच गए थे और मामले की जानकारी ली गई थी। एसएसपी के आदेश पर इस मामले में एसओजी लगाई गई थी।
आरोपियों को साथ लेकर शव बरामद करने में जुटी पुलिस
मुरादाबाद। पुलिस सूत्रों का दावा है कि युवती की हत्या करने के बाद शव नदी में फेंक दिया गया था। ईंट पत्थर बांधकर शव फेंका गया था। पुलिस ने इस मामले में दो आरोपियों को हिरासत में ले लिया है। जिनसे पूछताछ करने के बाद पुलिस शव बरामद करने में जुटी है। हालांकि देर रात तक पुलिस को इस मामले में कोई सफलता नहीं मिल पाई थी।