मुरादाबाद। बकाया गन्ना भुगतान को लेकर डीएम ने मंगलवार को गन्ना विभाग और चीनी मिल के अधिकारियों की बैठक ली। मिल अधिकारियों को साफ कह दिया गया कि यदि जल्द बकाया गन्ना भुगतान नहीं किया गया तो उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करते हुए कार्रवाई की जाएगी।
दरअसल पैराई सत्र खत्म होने के बाद भी जिले की चीनी मिलों ने किसानों का पूरा गन्ना भुगतान नहीं किया है। मिलों पर अभी भी 245 करोड़ रुपये बकाया है। मिलों को पूर्व में भी भुगतान करने की चेतावनी दी गई लेकिन मिलों ने गंभीरता नहीं दिखाई। मंगलवार को डीएम शैलेंद्र सिंह ने अपने कैंप कार्यालय पर जिले की चारों मिलो के अधिकारियों की बैठक बुलाई। इसमें चालू सत्र के बकाया गन्ना भुगतान, विकास अंशदान का भुगतान और पिछले साल के विकास अंशदान का भुगतान संबंधी समीक्षा की। जिले में सबसे कम गन्ना 58 प्रतिशत भुगतान अगवानपुर मिल ने किया था।
मिल पर किसानों का 121 करोड़ बकाया था। बिलारी मिल ने 74 प्रतिशत भुगतान दिया था और 60 करोड़ बकाया था। इसके अलावा रानीनांगल और बेलवाड़ा मिल पर भी बकाया था। डीएम ने खासतौर पर अगवानपुर और बिलारी मिल के अधिकारियों को सख्त हिदायत दी। डीसीओ अजय कुमार सिंह ने बताया जिलाधिकारी ने मिलों को चेतावनी देते हुए निर्देेश दिए हैं कि यदि जल्द गन्ना भुगतान नहीं किया गया तो मिलों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी जाएगी।