मुरादाबाद। मूंढापांडे थानाक्षेत्र के गांव में एक सप्ताह पहले बुजुर्ग को पीट-पीटकर मौत के घाट उतारने के मामले में पुलिस ने चौकीदार और उसके दो बेटों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की धाराओं में केस दर्ज किया गया था। गुरुवार दोपहर बाद पुलिस ने तीनों आरोपियों को अदालत में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है।
पुलिस के मुताबिक, मूंढापांडे थानाक्षेत्र के बूजपुर आशा गांव निवासी सियाराम (65) के बेटे गौरव उर्फ गोरा का आठ फरवरी को गांव के ही निवासी चौकीदार बनारसी से झगड़ा हो गया था। कुछ लोगों ने बीच में आकर मामला शांत करा दिया था, लेकिन बनारसी और उसके बेटे मोहित, रोहित रंजिश रखने लगे थे। दस फरवरी की शाम गोरा के पिता सियाराम गांव में लगने वाले साप्ताहिक बाजार से सब्जी खरीदने गए थे। इस दौरान वहां चौकीदार बनारसी व उसके बेटे मोहित, रोहित और भतीजा मननी व पोता वीरू आ गए थे। आरोप है कि आरोपियों ने सियाराम पर डंडों से हमला कर दिया था। इस हमले में सियाराम गंभीर रूप से घायल हो गए थे। जिनकी निजी अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई थी।
इस मामले में सियाराम के बेटे गौरव उर्फ गोरा ने चौकीदार बनारसी उसके बेटे मोहित, रोहित और दो अन्य मननी व वीरू के खिलाफ गैर इरादतन हत्या समेत अन्य धाराओं में केस दर्ज किया गया था।
गुरुवार को पुलिस ने आरोपी चौकीदार बनारसी और उसके बेटे मोहित व रोहित को गोविंदपुर खुर्द बस अड्डे से गिरफ्तार कर लिया। तीनों आरोपियों को अदालत में पेश किया गया, जहां से आरोपियों को जेल भेज दिया गया।