मुरादाबाद। फेडरेशन ऑफ इंडियन एक्सपोर्ट ऑर्गेनाइजेशन (फियो अपैक्स ट्रेड प्रमोशन ऑर्गेनाइजेशन इन इंडिया) और वाणिज्य एवं उद्योग विभाग भारत सरकार ने संयुक्त रूप से एक्सपोर्ट कॉन्क्लेव 2022 का आयोजन किया। यह सम्मेलन मंगलवार को होटल हॉली डे रीजेंसी में आयोजित किया गया। मुख्य अतिथि मंडलायुक्त आंजनेय कुमार सिंह ने इस सम्मेलन का उद्घाटन किया। उन्होंने सम्मेलन में प्रदर्शनी की तरह लगाए गए स्टॉल्स का निरीक्षण भी किया।
सम्मेलन में वक्ताओं ने कहा कि किसी भी देश के आर्थिक विकास में निर्यात की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। निर्यात कि दृष्टि से भारत का प्रदर्शन कोविड काल में भी अच्छा रहा है और निर्यात का भविष्य भी सुनहरा दिख रहा है। भारत सरकार अगले तीन वर्षों में पांच ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर की अर्थव्यवस्था बनने के उद्देश्य से अपने विभागों में नीतिगत सुधार कर रही है। साथ ही निर्यातकों को सहूलियत कैसे दी जाए, इस पर भी जोर दिया जा रहा है। सम्मेलन में अलग-अलग उत्पादों का निर्यात करने वाले निर्यातकों ने अपनी समस्याएं उठाईं। निर्यातकों ने कहा कि केंद्र सरकार ने मेंथा के निर्यात पर सब्सिडी बंद कर दी, सरकार का कहना है कि मेंथा केमिकल और फार्मास्यूटिकल उत्पाद की श्रेणी में आता है। वहीं प्रदेश सरकार की दृष्टि से मेंथा एक कृषि उत्पाद है। इसके अलावा अलग अलग राज्य सरकारों के मुताबिक मेंथा का अलग अलग वर्गीकरण किया गया है। इससे निर्यातकों को कोई सरकारी लाभ नहीं मिल पा रहा है।
मुख्य अतिथि मंडलायुक्त आंजनेय कुमार सिंह ने मुरादाबाद को एक्सपोर्ट हब बनाने के लिे एक मंच पर आने की अपील की। उन्होंने कहा कि यदि निर्यातक एकजुट होकर कार्य करें तो काफी हद तक सरकारी सुविधाओं पर निर्भरता कम हो जाएगी और मुरादाबाद के उद्यम का विकास हो सकेगा। निर्यात कॉन्क्लेव के दौरान विदेश व्यापार महानिदेशालय के उप महानिदेशक सौरभ गोयल, धातु हस्तशिल्प सेवा केंद्र के महाप्रबंधक डॉ रविंद्र शर्मा, उपायुक्त उद्योग अनुज कुमार, सीमा शुल्क आईसीडी के उपायुक्त सुमित कुमार, कानकॉर के टर्मिनल प्रबंधक आशीष गौतम, उपायुक्त राज्य जीएसटी शिखा यादव, राजकुमार, फियो से वाईएस गर्ग, आलोक श्रीवास्तव, रचित अग्रवाल, मंजीत सिंह बेदी, सुभाष झा आदि मौजूद रहे। निर्यातकों में वैभव अग्रवाल, फूल प्रकाश, सुशील अग्रवाल, महेश चंद्र अग्रवाल, प्रशांत बिंदल आदि ने प्रतिभाग किया।