गोशाला के प्रभारी समेत पांच पर केस दर्ज, दो का चालान
गायों की मौत के मामले में लापरवाही बरतने पर गोशाला के सह प्रभारी समेत पांच लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। रात में गायों की मौत पर हंगामा होने के बाद बृहस्पतिवार की सुबह आला अधिकारी कोतवाली पहुंच गए।
इस दौरान उप मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. चमन प्रकाश से तहरीर पर गोशाला के सह प्रभारी करन सिंह, केयरटेकर रजत, केयरटेकर कुनाल, सफाई कर्मी अश्विनी और जेसीबी चालक जाकिर की लापरवाही मानते हुए नामजद किया गया।
सीओ दीप कुमार पंत ने बताया कि तहरीर के आधार पर आरोपियों के खिलाफ पशु क्रूरता अधिनियम के तहत रिपोर्ट दर्ज की गई है। आरोपियों को गिरफ्तार कर चालान कर दिया।
गोशाला में पशु चिकित्सक की रही बड़ी लापरवाही
लोगों का कहना है कि पशु चिकित्सक गोशाला में जाते ही नहीं थे। शासन स्तर से एक पशु चिकित्सक समेत चार पशु स्वास्थ्य कर्मियों की ड्यूटी गोशाला में लगाई है। उनका कार्य है कि यदि किसी पशु को जरा भी दिक्कत या परेशान हो तो उसका उपचार किया जाए।
लेकिन चिकित्सक की लापरवाही और गोशाला के जिम्मेदार अधिकारियों की लापरवाही की वजह से गोशाला में दस से अधिक गाय बीमार हो गईं। जबकि सात गायों की मौत हो गई है।
बजरंग दल के प्रांत प्रमुख हेमंत सारस्वत का आरोप है कि बृहस्पतिवार की सुबह को पशु चिकित्सक ने आला अधिकारियों के कहने पर छोटे कर्मचारियों पर मुकदमा करवा दिया जबकि वास्तव में पशु चिकित्सक पर ही मुकदमा दर्ज होना चाहिए था।
दफनाने का वीडियो वायरल
कान्हा गोशाला में बीमार जिंदा गोवंश को गड्ढे में दफनाने का प्रयास किया गया। ऐन वक्त पर बजरंग दल और विश्व हिंदू परिषद के कार्यकर्ताओं ने पहुंचकर उसे दफनाने से रोका। इसका वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
बुधवार रात करीब दस बजे विश्व हिंदू परिषद एवं बजरंग दल के कार्यकर्ता गोशाला पहुंच गए। उस समय एसडीएम भगत सिंह और चिकित्सकों की टीम द्वारा मृत गोवंशों को गोशाला कर्मियों की सहायता से दबाया जा रहा था।
एसडीएम द्वारा मीडिया कर्मियों को भी गेट पर रोकने का प्रयास किया गया। अंदर नहीं जाने दिया। विश्व हिंदू परिषद बजरंग दल के प्रांत सेवा प्रमुख हेमंत सारस्वत ने बताया कि मौके पर जिंदा गोवंश को दफनाया जा रहा था।
इसका वीडियो भी बनाकर वायरल कर दिया गया। जीवित को गाय को गड्ढे से निकलवाकर उसका उपचार शुरू करवाया।
रात तीन बजे तक डटे रहे बजरंग दल कार्यकर्ता
कान्हा गोशाला में पर बुधवार की देर शाम को कई बीमार गायों के मौत हो गई थी। सूचना मिलने पर विहिप और बजरंग दल के जिला मंत्री विपिन शर्मा, बजरंग दल के प्रांत बल सेवा प्रमुख हेमंत सारस्वत, शिवम त्यागी, अनुराग शर्मा, ललित शर्मा, कपिल शर्मा, पीयूष चौधरी, भाजपा युवा मोर्चा के पूर्व जिला उपाध्यक्ष मोहित अग्रवाल, पूर्व सभासद संदीप गुप्ता समेत कई कार्यकर्ता रात 10 बजे गोशाला में पहुंच गए थे।
उन्होंने देखा तो गोशाला में ही खाली स्थान पर मृतक पशुओं को जेसीबी से दफनाया जा रहा था। कार्यकर्ताओं ने हंगामा करते हुए दफनाने के कार्य को रुकवा दिया। एसडीएम व सीओ से कार्यकर्ताओं की जमकर नोकझोंक हुई।
इसके बाद कार्रवाई की मांग को लेकर कार्यकर्ता रात तीन बजे तक गोशाला में ही धरने पर बैठे रहे। एडीएम सुरेंद्र सिंह व एएसपी राजीव कुमार सिंह भी पहुंच गए। उन्होंने हंगामा कर कार्यकर्ताओं को समझाकर शांत कराया।
विधायक बोले, सीएम तक पहुंचेगा गायों की मौत का मामला
गोशाला में गायों की मौत होने के बाद बृहस्पतिवार सुबह को विधायक महेंद्र सिंह ने गोशाला पहुंचकर मामले की जांच की। इस दौरान उन्होंने गायों की स्थिति के बारे में देखा और उसे बेहतर बनाने के निर्देश दिए। विधायक ने कहा कि मामले की शिकायत मुख्यमंत्री से की जाएगी। संवाद