432 करोड़ रुपये आयकर का टारगेट पूरा करने के लिए आयकर विभाग दिसंबर में बड़ी छापामार कार्रवाई की तैयारी में जुटा है। विभाग ने कर चोरों का एक डाटाबेस तैयार किया है। जिनके खिलाफ 15 दिसंबर के बाद कार्रवाई हो सकती है। सूत्रों के मुताबिक शहर के कई ज्वैलर्स, बिल्डर, डाक्टर, निर्यातक और संस्थानों के मालिक आयकर की रडार पर हैं।
छोटी कर चोरी करने वालाें के खिलाफ भी विभाग कार्रवाई की तैयारी कर रहा है। इन्हें नोटिस भेजकर पैनाल्टी की कार्रवाई की जाएगी।पिछले वर्ष मुरादाबाद के लिए 220 करोड़ रुपये आयकर का लक्ष्य तय था। नोटबंदी की वजह से लक्ष्य से कहीं अधिक विभाग ने हासिल कर लिया था। इस बार लक्ष्य को 220 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 432 करोड़ रुपये कर दिया गया है।
आयकर विभाग अभी तक 150 करोड़ रुपये का आयकर ही जमा कर सका है। बाकी 282 करोड़ रुपये आयकर जमा कराने के लिए विभाग ने दिसंबर में बड़ी कार्रवाई करने की तैयारी की है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि दिसंबर में शहर के कुछ निर्यातकों, डाक्टरों, ज्वैलर्स और संस्थानों के मालिकाें के यहां आयकर के छापे पड़ सकते हैं।
सूत्रों का कहना है कि सर्विलांस के बाद आयकर विभाग ने इनका विवरण तैयार किया है। इसके अलावा विभाग ने ऐसे लोगों का भी डाटाबेस तैयार किया है जो आयकर की सीमा में आने के बावजूद आयकर रिटर्न नहीं भर रहे हैं। इन लोगों को बड़ी संख्या में नोटिस भेजने की तैयारी है।
आयकर विभाग के अधिकारियाें का कहना है कि वित्तीय वर्ष 2016-17 का रिटर्न यह लोग अभी बिना किसी पैनाल्टी के दाखिल कर सकते हैं। तमाम लोग ऐसे हैं जो आयकर के दायरे में आते हैं। लेकिन इसके बावजूद इन लोगों ने आयकर रिटर्न दाखिल नहीं किया है। विभाग ने ऐसे लोगों का डाटाबेस तैयार किया है।
हम भविष्य में इनके खिलाफ कार्रवाई की तैयारी कर रहे हैं। यदि लोग स्वेच्छा आयकर जमा नहीं करेंगे तो उन्हें विभाग की कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। इसमें अभियोजन कार्रवाई भी शामिल है। लोग अपना टैक्स अग्रिम कर के रूप में जमा कराएं। - राजीव कुमार, संयुक्त आयकर आयुक्त।