मिर्जापुर। कलेक्ट्रेट सभागार में शनिवार को जिलाधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार की अध्यक्षता में विंध्य विकास परिषद की बैठक आहूत की गई। बैठक में विन्ध्याचल में निर्माणाधीन विंध्य कारीडोर के तहत विंध्य विकास परिषद का नया प्रशासनिक भवन बनाने पर चर्चा की गई।
जिलाधिकारी ने कहा कि मंदिर के पास स्थापित विंध्य विकास परिषद का पुराने भवन को, विंध्य कारीडोर के अंतर्गत आने के कारण, ध्वस्त करते हुए नया प्रशासनिक भवन बनाये जाने का निर्णय लिया गया हैं। पुराने प्रशासनिक भवन को विंध्य कारीडोर के नाम विक्रय करने के उपरांत उससे प्राप्त मुआवजा से एक नया प्रशासनिक भवन बनवाया जाएगा। इसमें पुस्तकालय, मीटिंग हाल, प्रशासनिक भवन, कार्यालय सामुदायिक शौचालय आदि बनाया जाएगा। नगर मजिस्ट्रेट ने बताया कि मंदिर के पास स्थापित प्रशासनिक भवन का मूल्याकंन कर उसे विंध्य कारीडोर के नाम रजिस्ट्री किया जायेगा। उससे प्राप्त मुआवजा से नए भवन के लिए उपयुक्त जमीन तलाश कर निर्माण कराया जायेगा। जिस पर उपस्थित विन्ध्य विकास परिषद के पार्षद या सदस्यों ने सर्वसम्मति से सहमति प्रदान की। बैठक में कुछ सदस्यों के द्वारा यह भी कहा गया कि विंध्य विकास परिषद के मद से जो कार्य कराए जाने हैं उसे प्रस्तावित किया जाए तथा कार्य कराया जाए। उसका पूरा ब्यौरा सदस्यों को भी उपलब्ध कराया जाए। बैठक में अपर जिलाधिकारी शिव प्रताप शुक्ल, नगर मजिस्ट्रेट विनय कुमार सिंह, पण्डा समाज के अध्यक्ष पंकज द्विवेदी, मंत्री भानु पाठक, गुन्जन मिश्रा, राज मिश्रा, रघुवर दयाल उपाध्याय, अनुज पांडेय, सनी दत्त पाठक, तेजन गिरि, धर्मेंद्र पांडेय, तहसीलदार सदर, कर अधीक्षक नगर पालिका मिर्जापुर अरविंद यादव, थानाध्यक्ष विन्ध्याचल सहित पंडा समाज के अन्य सदस्यगण उपस्थित रहे।