मिर्जापुर/विंध्याचल। देश की प्रगति, विश्व शांति और गरीब कल्याण के लिए विंध्य रेजीडेंसी में श्री विद्या कोटी कुमकुमर्चन महायज्ञ का भव्य आयोजन किया जा रहा है।
स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी के संरक्षण में होने वाला यह 50 वां महायज्ञ है। इससे पहले देश के विभिन्न राज्यों में 49 महायज्ञ संपन्न हो चुका है। महायज्ञ में सुहासिनी माताओं और श्रद्धालुओं द्वारा श्री ललिता सहस्रनाम का एक करोड़ बार पाठ किया जाएगा। दक्षिण भारत से लाए गए विशेष कुमकुम से अर्चन की व्यवस्था की गई है। आयोजन में दक्षिण भारत और काशी के प्रख्यात विद्वान आचार्य शामिल होंगे तथा धर्म और समाज से जुड़े समसामयिक विषयों पर अपने विचार रखेंगे।
आयोजन समिति के अनुसार मिर्जापुर, विंध्याचल और आसपास के जिलों से हजारों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। महायज्ञ को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। स्वामी अभिषेक ब्रह्मचारी ने कहा कि सनातन धर्म विश्व कल्याण और मानवता के उत्थान का मार्ग प्रशस्त करता है। नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ना समय की आवश्यकता है। संवाद