विकास खंड पहाड़ी के क्रय केंद्र पड़री में धान खरीद में अनियमितता सही मिलने पर आखिरकार विपणन निरीक्षक भूपेंद्र प्रताप को निलंबित कर दिया गया। अमर उजाला द्वारा विगत 18 जून के अंक में धान खरीद में बरती गई अनियमितता खबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था। मामले को संज्ञान लेते हुए शिकायत सही मिलने पर आयुक्त अजय चौहान ने विपणन निरीक्षक को निलंबित कर दिया। आयुक्त की कार्रवाई से अन्य विपणन निरीक्षकों में भी हड़कंप मचा हुआ है।
विकास खंड पहाड़ी के पड़री क्रय केंद्र पर विगत विपणन वर्ष 2015-16 में धान खरीद में अनियमितता बरती गई थी। जिसमें धान क्रय क्रेंद पर 648 कुुंतल धान और पांच हजार जूट बोरे कम पाये गए। क्रय केंद्र खबर को संज्ञान में लेते हुए मामले की जांच संभागीय खाद्य विपणन निरीक्षक विंध्याचल संभाग से कराई गई।
जांच के दौरान पाया कि विपणन निरीक्षक भूपेंद्र प्रताप ने तैनाती के दौरान धान क्रय में व्यापक स्तर पर धंाधली और वित्तीय अनियमितता तथा किसानों का शोषण किया है। विपणन निरीक्षक ने छह किसानों के धान का भुगतान नहीं किया था।
आयुक्त ने निलंबन के दौरान संभागीय खाद्य नियंत्रक वाराणसी कार्यालय से संबद्ध कर दिया। वहीं अनियमितता के कारण धान खरीद वर्ष 2015-16 में नैपाल सिंह द्वारा खरीदे गए 133.20 कुंतल धान का रुपया एक लाख 87 हजार 812 का भुगतान आज तक नहीं हो सका है।
वर्तमान क्रय केेंद्र प्रभारी अल्पना चौरसिया द्वारा संभागीय लेखाधिकारी खाद्य को पत्र भेज कर भुगतान कराने की कई बार मांग भी कर चुकी है। बावजूद इसके आज तक भुगतान नहीं हुआ है।