विंध्याचल कोतवाली क्षेत्र के अष्टभुजा चौकी अंतर्गत टोल टैक्स के पास स्थित रेलवे लाइन किनारे शौच करने गए 38 वर्षीय युवक की ट्रेन की चपेट में आने से मौत हो गई। सुबह घर में न पाकर पत्नी खोजते हुए रेल लाइन के पास पहुंची। जहां शव देखकर रोने लगी। चीख-पुकार सुनकर लोगों की भीड़ जुट गई।
क्षेत्र के मडगुड़ा गांव निवासी बृजलाल निषाद उर्फ बिरजू निषाद (38) पिछले कई वर्षों से अष्टभुजा टोल टैक्स के पास सड़क किनारे झोपड़ी बनाकर मछली की दुकान खोले हुए थे। उसी में वे पत्नी व चार बच्चों के साथ रहते थे। शुक्रवार की रात परिवार के सभी लोग खाना खाने के बाद सो गए। देर रात में बृजलाल को शौच लगी तो घर से अकेले लोटा लेकर जाने लगे तो पत्नी जया देवी ने कहा कि अकेले मत जाओ, मैं भी साथ चलती हूं। पति ने मना कर दिया तो जया सोने चली गईं। भोर में नींद खुली तो पति को न पाकर वे टार्च लेकर बच्चों के साथ खोजने निकल गईं। इसी बीच रेल लाइन पर पर शव देखकर शोर मचाया। शोर सुनकर आसपास के लोगों की भीड़ जुटने लगी। मौत की सूचना ग्रामीणों ने ग्राम प्रधान को दी। मौके पर पहुंचे ग्राम प्रधान ने अष्टभुजा पुलिस चौकी पर सूचना दी। अष्टभुजा चौकी इंचार्ज ने मौके पर पहुंच कर शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक पांच भाइयों में से सबसे बड़ा था। दूसरे नंबर के भाई की तीन वर्ष पूर्व मौत हो चुकी। है। बृजलाल से दो पुत्र व दो पुत्रियां है। इनमें करण (14), किरण (12), सिमरन (8), निशा (6) शामिल हैं। इन बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया।