कहीं तलवार से धड़ अलग किया जाता है तो कहीं पुतले को ना जलने की भी अपनी धारणा है लेकिन मां विंध्यवासिनी धाम में रावण से जुड़ी ऐसी मान्यताएं बताते हैं जो आप को हैरान कर देगी। यहां रावण के पुतले का दहन नहीं होता बल्कि उसे लूट कर लोग अपने-अपने घर में रखते हैं। तीर्थ पुरोहित अजय त्रिपाठी ने बताया कि ये बहुत पुरानी परंपरा है जो आज भी चली आ रही है।