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बुलंदशहर बवाल के बाद सामने आया मेरठ जिले का सच, 10 से अधिक थाना क्षेत्रों में हो रही गोकशी

Tue, 11 Dec 2018 11:46 AM IST
गजेंद्र चौधरी, अमर उजाला, मेरठ
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बुलंदशहर में बवाल - फोटो : अमर उजाला
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बुलंदशहर बवाल के बाद अब यहां भी सत्ताधारी नेता बढ़ती गोकशी पर मुखर होने लगे हैं। पुलिस रिकॉर्ड की मानें तो जिले में 30 में से 10 थानाक्षेत्रों में सबसे ज्यादा गोकशी होना सामने आया। योगी सरकार के कार्यकाल में इन थाना क्षेत्रों में गोकशी के 63 मुकदमे दर्ज हुए, जिनमें 122 अभियुक्त अभी भी फरार चल रहे हैं। उधर, खुफिया विभाग ने शासन को रिपोर्ट भेजी है कि पुलिस और नेताओं के बीच गोकशी को लेकर मतभेद है, जिसके बाद डीजीपी ओपी सिंह ने पुलिस अधिकारियों से जवाब मांग लिया है। 

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यह कहते हैं आंकड़े
बुलंदशहर प्रकरण के बाद प्रमुख सचिव और डीजीपी ने जोन के कप्तानों को गोकशी पर शिकंजा कसने के निर्देश दिए थे। जिले में गोकशी के मामलों को खंगाला गया तो सामने आया कि जिले में 10 थाने इस लिहाज से ज्यादा संवेदनशील हैं। इनमें शहर के तीन थानों में 17 तो देहात के सात थानों में 46 मुकदमों में आरोपी गिरफ्तार नहीं हुए हैं। योगी सरकार के डेढ़ साल के कार्यकाल में गोकशी के 158 मुकदमे दर्ज हुए। 653 अभियुक्तों में 531 जेल गए। गोतस्करों से 33 बार मुठभेड़ हुईं। 60 आरोपियों पर गुंडा एक्ट तो 31 पर गैंगस्टर लगा। मुठभेड़ में इरशाद नाम के युवक की मौत भी हुई। इसको लेकर शासन को रिपोर्ट भेजी है। 

गोकशी के कई मामले मेरे से पहले के हैं। थानेदारों को हिदायत दी है कि वांछितों को पकड़ें और कार्रवाई करें। कई बड़े गोतस्करों पर मैंने कार्रवाई की है। - अखिलेश कुमार, एसएसपी

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यहां ज्यादा गोकशी
 नगर में अधूरे केस
 थाना      मुकदमे
 लिसाड़ीगेट     8
 मेडिकल    5
 दौराला     4
 देहात में अधूरे केस
 सरधना     10
 सरूरपुर     7 
 जानी     7
 खरखौदा    7
 किठौर     7
 इंचौली     3
 मुंडाली    5 

बुलंदशहर बवाल ने बदला माहौल
भाजपा सांसद राजेंद्र अग्रवाल ने दो दिन पहले ही बयान में दावा किया कि किठौर और भावनपुर थानाक्षेत्र में सबसे ज्यादा गोकशी हो रही है। वहीं, बुलंदशहर बवाल में इंस्पेक्टर सुबोध कुमार और छात्र सुमित की मौत के बाद बुलंदशहर के विधायक ने पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए थे। कहा कि पुलिस की लापरवाही के चलते स्याना थानाक्षेत्र में गोकशी की वारदात हो रही थी। उसको लेकर लोगों में जबरदस्त आक्रोश था। जिसके चलते यह बवाल होना बताया। इसको लेकर सोशल साइट पर पुलिस की खूब किरकिरी हो रही है। उधर, पुलिस अधिकारियों ने गोकशी के आरोपों से किनारा करना शुरू किया तो खुफिया विभाग ने इस प्रकरण को लेकर पुलिस और नेताओं में मतभेद की रिपोर्ट शासन को भेज दी।
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माहौल खराब करा सकती गोकशी 
वेस्ट यूपी में गोकशी को लेकर बवाल हो सकता है। बुलंदशहर बवाल के बाद खुफिया विभाग की शासन को भेजी रिपोर्ट के बाद पुलिस-प्रशासन के आला अधिकारी गंभीर हैं। शहर में गोकशी को लेकर बवाल करने की साजिश चल रही है, इसका इनपुट पुलिस को लगातार मिल रहा है। इसको देखते पुलिस ने गोकशी करने वालों पर शिकंजा कसने के लिए तैयारी कर ली है। अब पुलिस को ज्यादा फोकस गोकशी और गोतस्करों पर है। एसएसपी ने अभियान चलवाकर दो गोतस्करों को गिरफ्तार कराया। थानेदारों को गोतस्करों को जेल भेजने के निर्देश दिए।

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