उत्तर प्रदेश के मेरठ की सदर बाजार थाना पुलिस ने सेना के पंप पर नौकरी का झांसा देकर लाखों रुपये की ठगी करने के आरोपी सतपाल को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के कई साथी फरार हैं। उनकी तलाश की जा रही है।
कंकरखेड़ा के श्रद्धापुरी फेस-2 निवासी विपिन ने कुछ माह पहले सदर बाजार थाने में रोहटा रोड निवासी सतपाल के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। विपिन के मुताबिक, सतपाल सेना के पंप पर ऑपरेटर था। सतपाल ने उसे भी पंप पर नौकरी दिलाने का झांसा दिया। इसकी एवज में उससे छह लाख रुपये ठग लिए। कई अन्य लोगों को भी उसने ठगा है।
पुलिस काफी समय से सतपाल की तलाश में थी। पुलिस को सूचना मिली कि वह अपने घर आया हुआ है। पुलिस ने घेराबंदी की और सतपाल को दबोच लिया। इंस्पेक्टर सदर बाजार विजेंद्र पाल राणा ने बताया कि सतपाल व विपिन में दोस्ती थी। एक दिन सतपाल ने विपिन को बताया कि वह सेना के पंप पर नौकरी लगवा सकता है। सतपाल ने पहले विपिन को ठगी का शिकार बनाया और उसके बाद उसके चचेरे भाई अलीगढ़ निवासी नरेश को। नरेश ठगी से पहले हाथरस निवासी अपने दोस्त मनिंदर से भी सतपाल को मिला चुका था। इसलिए सतपाल ने मनिंदर से भी ठगी की।
इंस्पेक्टर ने बताया कि सतपाल खुद सैन्य क्षेत्र में रहता था। इसलिए उसकी बातों पर विपिन व अन्य लोगों ने विश्वास कर लिया। रुपये लेने के बाद हर किसी को उसने फर्जी नियुक्ति पत्र सौंप दिया, लेकिन जब ज्वॉइनिंग करने पहुंचे तो सैन्य क्षेत्र में प्रवेश तक नहीं मिला।
सतपाल नौकरी लगवाने का झांसा देकर लोगों से ठगी करता था। उसके इस कृत्य में कई और लोग शामिल हैं, जिनकी तलाश की जा रही है। अभी तक करीब दस लोगों से लाखों की ठगी करने की बात सामने आई है। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है।
- सूरज राय, एएसपी कैंट