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मचा हड़कंप: मेरठ सिटी स्टेशन पर फर्जी नियुक्ति पत्र के साथ तीन पकड़े, पांच-पांच लाख रुपये लेकर दिल्ली से की गई नियुक्ति

Sat, 02 Oct 2021 01:51 AM IST
मेरठ ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ
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meerut news - फोटो : अमर उजाला
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मेरठ में सिटी स्टेशन पर चेकिंग के दौरान तीन फर्जी रेलवे कर्मचारियों को पकड़ा गया। इनके पास से रेलवे मुख्यालय के फर्जी पहचान पत्र और ज्वाइनिंग लेटर मिले हैं। रेलवे अधिकारियों ने तीनों को जीआरपी को सौंप दिया है। आरोपियों का कहना है कि पांच-पांच लाख लेकर तीनों को दिल्ली से ज्वाइनिंग दी गई है। मामले की जांच शुरू हो गई है। इस मामले के पीछे किसी गैंग का हाथ माना जा रहा है।
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वाणिज्य निरीक्षक गुरजीत सिंह और मुख्य टिकट पर्यवेक्षक सुनील शुक्रवार को चेकिंग कर रहे थे। सिटी स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर एक पर तीनों युवक ज्वाइनिंग के लिए आ रहे थे। इनके पास रेलवे का अधिकृत पहचान पत्र था। मुजफ्फरनगर जिले के गांव रुकनपुर निवासी आशीष कुमार के पास जूनियर क्लर्क, रुकनपुर के ही अनुज कुमार का सहायक लोको पायलट, पानीपत के गांव रमरा निवासी भोला के पास जूनियर क्लर्क का पहचान पत्र मिला। मुख्यालय से जांच कराई तो तीनों के कागजात फर्जी मिले।

तीनों ने बताया कि पांच-पांच लाख रुपये लेकर डीआरमए कार्यालय दिल्ली से दीपक नाम के युवक ने पहचान पत्र और ज्वाइनिंग लेटर जारी किया है। रेलवे अधिकारियों ने दीपक नाम के युवक के मोबाइल नंबर पर कॉल किया तो वह स्विच ऑफ आता रहा। अब रेलवे में फर्जी नियुक्ति कराने वाले गैंग पर पुलिस की जांच शुरू हो गई है। तीनों युवकों को भी हिरासत मेें लेकर पूछताछ की जा रही है।
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रेलवे पहचान पत्र पर अधिकारियों के हस्ताक्षर
पहचान पत्र और ज्वाइनिंग लेटर पर रेलवे अधिकारियों के हस्ताक्षर भी हैं। इसमें सहायक कार्मिक अधिकारी की मुहर भी लगाई गई है। इसके अलावा पहचान पत्र पर संख्या नंबर, जारी करने की तिथि भी लिखी है। इसके अलावा भारत सरकार उत्तर रेल प्रबंधक कार्यालय स्टेट एंट्री रोड नई दिल्ली का पता भी है। पहचान पत्र भी हूबहू रेलवे कर्मचारियों को जारी किए जाने वाले दिखाई दे रहे हैं।
 
हम टिकट चेकिंग कर रहे थे। तीन युवकों के पास से रेलवे के पहचान पत्र मिले। जांच करने के दौरान हमें ये फर्जी मिले। इन तीनों को जीआरपी को सौंप दिया गया है। आगे की जांच वहीं से होगी।
- गुरजीत सिंह, वाणिज्य निरीक्षक
 
जांच करने के दौरान पाया गया कि ये फर्जी रेलवे कर्मचारी हैं। टीटी सहित अन्य अधिकारियों से पूछताछ करने के बाद इन तीन युवकों को हिरासत में ले लिया गया है। - विजय कांत सत्यार्थी, प्रभारी निरीक्षक, जीआरपी 
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