स्वच्छता सर्वेक्षण 2022 में सफलता के लिए मेरठ नगर निगम द्वारा किए गए दावों का स्थलीय निरीक्षण करने के लिए दिल्ली से टीम शनिवार को मेरठ पहुंच गई। इप्सोस कंपनी के 5 सदस्यों की टीम शहर में लगभग चार-पांच दिन डेरा डालेगी।
इस दौरान टीम के सदस्य दिल्ली से मिलने वाली डायरेक्शन के अनुसार अलग-अलग स्थानों पर जाकर स्वच्छता के बिंदुओं की जांच करेंगे जिसके आधार पर नगर निगम को अंक दिए जाएंगे। उसी पर नगर निगम देश और उत्तर प्रदेश के स्वच्छ शहरों में अपना स्थान तय करेगा।
स्वच्छता सर्वेक्षण 2021 में नगर निगम को 10 लाख से अधिक जनसंख्या वाले 47 शहरों में 27 वी रैंक मिली थी। सफाई सुरक्षा मित्र चैलेंज प्रतियोगिता में मेरठ को देश में 9वी रैंक और उत्तर प्रदेश में तीसरी रैंक प्राप्त हुई थी। अब इस बार देखना है कि नगर निगम मेरठ किस स्थान पर जाकर ठहरता है।
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यह किए हैं नगर निगम ने सफलता के दावे
- महानगर में चल रही है डोर टू डोर कूड़ा कलेक्शन की योजना,
- बाजारों में होती है दो टाइम सफाई
- सफाई कर्मचारी रहते हैं यूनिफॉर्म में
- शहर में जगह-जगह संचालित हैं सार्वजनिक और सामुदायिक शौचालय और यूरिनल
- प्रतिदिन होती है सड़कों की सफाई
- शहर में जगह-जगह बनाए गए हैं सेल्फी प्वाइंट और पार्को को किया गया है सुंदर
स्वच्छता सर्वेक्षण 2022 में हमें सफलता मिलना तय है। उत्तर प्रदेश के टॉप 10 शहरों की सूची में मेरठ का नाम शामिल होगा। स्वच्छता सर्वेक्षण के अलावा अभी ओडीएफ प्लस और गारबेज फ्री सिटी टीम भी आनी बाकी है।
-प्रमोद कुमार, कार्यवाहक नगर आयुक्त,