किसानों पर अत्याचार हुए, फायरब्रांड चुप रहे
जयंत ने परिवर्तन संदेश रैली में आए जनसैलाब का राम-राम से संबोधन किया। मेरठ की क्रांति-पवित्र धरती को नमन करते हुए कहा कि हमारे यहां मान्यता है कि धरती मां की तरह होती है, कुछ न कुछ इसमें खास है। 1857 से पहले हो या उसके बाद हो यहां के लोगों ने देश के आगे जब-जब चुनौती आई, बेटे-बेटियों ने उसका हमेशा मुकाबला किया। शायद इससे बेहतर उदाहरण नहीं दे सकता कि जहां आज ये रैली हो रही है, ये जमीन उस गांव की है, जहां के शहीद मामचंद शर्मा ने भारत-पाकिस्तान के युद्घ में शहादत दी।
जयंत ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी के नेता खुद को फायरब्रांड बताते हैं। एक साल किसानों का अपमान हुआ लेकिन, भाजपा के किसी भी नेता की एक शब्द भी बोलने की हिम्मत नहीं हुई। ये फायरब्रांड नहीं हैं। फायरब्रांड तो मेरठ में पैदा होते हैं। उन्होंने कहा कि मेरठ के लोगों ने हमेशा करके दिखाया है। यह चौधरी चरण सिंह की कर्मभूमि है।
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मेरठ में बनेगा शहीद स्मारक
जयंत ने कहा कि किसानों ने पहली बार सरकार को झुकाने का काम किया। उन्होंने बहुत बड़ी कुर्बानी दी है। लखीमपुर में किसानों को रौंदा गया। आंदोलन में सात सौ किसान शहीद हो गए। मेरठ की क्रांतिधरा पर कहना चाहता हूं कि हम अखिलेश जी के साथ चल रहे हैं, हमारे गठबंधन का आज एलान आज हो गया है। ये डबल इंजन की सरकार हम देंगे, लोकदल और सपा का कार्यकर्ता देगा। जब हमारी सरकार बनेगी, जब अखिलेश जी का रथ जीतकर लखनऊ पहुंचेगा तो हम पहला काम करेंगे कि मेरठ में शहीद किसानों की स्मृति में एक स्मारक बनाएंगे।