दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेसवे पर वाहनों को दौड़ाने के लिए परतापुर इंटरचेंज का 95 फीसदी कार्य 31 दिसंबर तक पूरा करने की तैयारी है। दिवाली के बाद अतिरिक्त श्रमिकों और मशीनों से काम कराने की तैयारियों को पूरा कर लिया गया है। लक्ष्य पाने के लिए अब किसी भी कीमत पर कार्य बंद नहीं होगा। हालांकि, गाजियाबाद में हॉट मिक्स प्लांट बंद कर दिया गया लेकिन यहां अभी कार्य चल रहा है इसके लिए एनएचएआई ने परिवहन मंत्रालय में भी बात की है।
एक्सप्रेसवे के मुख्य केंद्र परतापुर तिराहा और डासना में कार्य तेज किया जाना है। परतापुर तिराहा पर एक माह में तेज कार्य हुआ है। कार्यदायी संस्था जीआर इंफ्रा के इंजीनियरों के मुताबिक 31 दिसंबर तक परतापुर इंटरचेंज का लगभग 95 प्रतिशत कार्य समाप्त कर दिया जाएगा।
कोशिश है कि मेरठ से आने वाले वाहन एक्सप्रेसवे पर चढ़ जाएं। वहीं, डासना में एलीवेटिड स्ट्रक्चर बनाने के लिए श्रमिकों की संख्या को बढ़ाया जाना है। सीसीटीवी कैमरे लगाने के अलावा एक्सप्रेसवे के दोनों तरफ पौधे भी लगाए जाएंगे। इसके अलावा एक्सप्रेसवे के मुख्य प्वाइंट पर फूड कोर्ट, सेल्फी प्वाइंट की सुविधा भी दी जाएगी।
त्योहार पर भी काम जारी दिवाली पर भी एक्सप्रेसवे का निर्माण कार्य जारी रहेगा। शुक्रवार को परतापुर तिराहे पर आरई वॉल लगाने का काम चलता रहा। एनएचएआई के प्रोजेक्ट मैनेजर अरविंद कुमार और जीआर इंफ्रा के डिप्टी प्रोजेक्ट मैनेजर मनोज बैरवा ने यहां कार्य का निरीक्षण किया।
इंजीनियरों को निर्देश दिए कि त्योहारों के चलते तीन दिन निर्माण कार्य रात दिन किया जाए। उधर, भूड़बराल स्थित रजबहे का चौड़ीकरण कर रैंप का काम शुरू कर दिया गया। टोल प्लाजा से कुसावली तक वाहनों ने फर्राटा भरना शुरू कर दिया है।