अंसारी ने यह भी की मांग
-वार्ड 75 की शाहजहां काॅलोनी के मुख्य मार्ग पर गली नंबर एक के पास नाला बंद कर दिया गया है, जिसकी वजह से जलभराव हो रहा है। मुरसलीम के मकान से हाजी तनवीर के मकान तक नाला, गली नंबर 11 की सड़क टूटी पड़ी है। गली नंबर नौ में खुर्शीद मस्जिद से खूजर के पेड़ तक गली कच्ची है। शाहजहां काॅलोनी में आइसक्रीम फैक्ट्री के सामने गली को भी बनवाया जाए।
-वार्ड 77 के लक्खीपुरा में गली नंबर 18 में लाल मस्जिद अख्तर के मकान तक सड़क नीची पड़ी है। नाली टूटी है। जलभराव रहता है। नाली व सड़क बनाई जाए।
गुणवत्ता नियंत्रक ने परखी सड़कों की सेहत, शासन को भेजी रिपोर्ट
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना में हो रहे निर्माण में गोलमाल की की शिकायतों पर यूपीआरआरडीए (उत्तर प्रदेश रूरल रोड डेवलपमेंट एजेंसी) के गुणवत्ता नियंत्रक इंजीनियर मुनेश पाल सिंह ने मेरठ में डेरा डाल दिया है। सोमवार को उन्होंने कुछ सड़कों का निरीक्षण किया। खोदाई कराकर इनकी गुणवत्ता जांची। विकास भवन स्थित आरईएस कार्यालय पहुंचकर फाइलें भी खंगालीं। जांच टीम के अनुसार शासन को रिपोर्ट भेजी जाएगी।
योजना के तहत एक गांव से दूसरे को जोड़ने के लिए सड़क बनाई जाती है। इसके तहत जिले में तमाम सड़कों को बनाया जा चुका है। कुछ सड़कों की गुणवत्ता की शिकायत शासन तक पहुंची। इस पर गुणवत्ता नियंत्रक लखनऊ से यहां पहुंचे। उन्होंने नगलामल वाया समस्तपुर बन रही 7.65 किमी, मसूरी से तोहफापुर तक 6.9 किमी, कालिंद से पिठलोकर तक सात किमी और करनावल से खिवाई तक 5.6 किमी बन रही सड़क की वीडियोग्राफी करके मुख्यालय भेजी गई। उन्होंने संबंधित इंजीनियरों से फाइलें मंगाकर निर्माण कार्य से जुड़े दस्तावेजों की भी जांच की।
गुणवत्ता नियंत्रक ने बताया कि गुणवत्ता की जांच के लिए वह आए हैं। मौके पर पहुंचकर गुणवत्ता की जांच की विभागीय सिस्टम पर वीडियोग्राफी करके मुख्यालय भेज दी है। जांच में क्या मिला, इसके बारे में फिलहाल कुछ नहीं कह सकते हैं। मंगलवार को भी वह जिले में रहेंगे और फिर लखनऊ जाकर अपनी रिपोर्ट सौंपेंगे।