प्रतिबंधित सीरप बेचने के आरोप में पुलिस ने सोनीपत के दवा कारोबारी को उठा लिया। उसने बताया कि शामली के दवा डिस्ट्रीब्यूटर्स के यहां से यह दवा खरीदी है। सोनीपत पुलिस शामली पहुंच गई और वहां से डिस्ट्रीब्यूटर को पकड़ लिया।
डिस्ट्रीब्यूटर ने बताया कि उसको ये दवाएं मेरठ के शास्त्रीनगर सेक्टर-दो से गौरव शर्मा व नितिन शर्मा ने सप्लाई की हैं। सोनीपत पुलिस के इंस्पेक्टर सुखपाल के नेतृत्व में सेक्टर-दो पहुंची और कई घंटे तक जांच की। करीब सात लाख कीमत का सीरप व अन्य दवाएं जब्त कर लीं।
सोनीपत पुलिस गौरव व नितिन को भी साथ लेकर चलने लगी तो वहां एकत्र परिजनों और अन्य लोगों ने सोनीपत पुलिस को घेरकर हंगामा शुरू कर दिया। गौरव व मनोज के करीबियों ने बताया कि जिन दवाओं को हरियाणा में प्रतिबंधित बताया जा रहा है, उन पर यूपी सरकार की ओर से कोई प्रतिबंध नहीं है, सोनीपत पुलिस कुछ सुनने को तैयार नहीं थी।
इसके बाद वहां हंगामा शुरू हो गया। कुछ लोगों ने हरियाणा पुलिस वालों के साथ धक्का-मुक्की और मारपीट कर दी। मारपीट की बात से पुलिस ने इन्कार कर दिया है। इस बीच मामले की जानकारी मिली तो नौचंदी थाना पुलिस सेक्टर-दो पहुंच गई। वहां से सोनीपत पुलिस और गौरव व नितिन को लेकर थाना नौचंदी आ गए।
देर रात तक सोनीपत पुलिस थाने में मौजूद थी। सीओ सिविल लाइन अभिषेक तिवारी ने बताया कि मारपीट की बात निराधार है। सोनीपत पुलिस दवा कारोबारी को नोटिस देकर लौट गई है।