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Meerut: आंख मूंदकर मुकदमे दर्ज कर रही पुलिस, जिसकी हत्या का मुकदमा है दर्ज, उस पर अब रंगदारी की रिपोर्ट

Sat, 06 Aug 2022 11:06 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मेरठ

सार

मेरठ पुलिस आंख मूंदकर केस दर्ज कर रही है। पुलिस ने सात साल पहले जिस व्यक्ति की हत्या का मुकदमा दर्ज किया था उस पर रंगदारी मांगने की रिपोर्ट लगा दी है। ऐसे में सवाल पुलिस की कार्यशैली पर उठ रहा है कि जो व्यक्ति मारा गया तो वह रंगदारी कैसे मांग सकता है।  
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meerut police - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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मेरठ में व्यापारी संजय माहेश्वरी से दो लाख रुपये की रंगदारी मांगने पर कुख्यात प्रवीण शर्मा और उसके भाई मनीष शर्मा पर टीपीनगर थाने में मुकदमा दर्ज किया गया है। जबकि सात साल पहले प्रवीण शर्मा की हत्या होने का मुकदमा ब्रह्मपुरी थाने में दर्ज है। आरोप है कि रंगदारी ना देने पर मनीष शर्मा 5-6 साथियों के साथ 19 जुलाई को पीड़ित के घर पर आया और जान से मारने की धमकी दी। व्यापारी ने सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी पुलिस को सौंपने की बात कही है।

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टीपीनगर थाना क्षेत्र के गुरुनानक नगर निवासी संजय माहेश्वरी पांच साल पहले ब्रह्मपुरी में रहते थे। आरोप है कि अपराधी प्रवीण शर्मा और उसका भाई मनीष शर्मा उनसे पैसा लेते थे। ब्रह्मपुरी में उनका आटा फ्लोर मिल था। मौत के भय से दोनों भाइयों को वह पैसे दे देते थे और पुलिस से शिकायत तक नहीं करते थे। संजय माहेश्वरी का आरोप कि मनीष शर्मा 29 जुलाई को अपने साथियों के साथ गुरुनानक नगर में पहुंचा।

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धमकी दी व पत्नी-बच्चों से कहकर गया कि अगर दो लाख रुपये नहीं दिए तो हत्या करा दूंगा। उसके भाई प्रवीण शर्मा ने कई लोगों की हत्या की हुई है। इसके बाद से व्यापारी का परिवार दहशत में है। संजय ने बताया कि मनीष बार-बार धमकी दे रहा है। मेरे या परिवार के साथ कोई अनहोनी घटना हो सकती है। संजय की तहरीर पर पुलिस ने प्रवीण व मनीष के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।

प्रवीण मारा गया तो रंगदारी कैसे मांग ली
कुख्यात प्रवीण शर्मा व उसके भाई मनीष शर्मा पर टीपीनगर थाने में हत्या का मुकदमा दर्ज हो गया, जबकि छह माह पूर्व प्रवीण शर्मा की हत्या बताकर कुख्यात विनय त्यागी पर ब्रह्मपुरी थाने में मुकदमा दर्ज किया गया था। सवाल पुलिस की कार्यशैली पर उठ रहा है कि जब प्रवीण शर्मा मारा गया तो वह रंगदारी कैसे मांग सकता है। ब्रह्मपुरी में दर्ज मुकदमे में बताया गया कि सात साल पहले विनय त्यागी ने प्रवीण शर्मा को मौत के घाट उतार दिया था।

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आंख मूंदकर मुकदमे दर्ज कर रही पुलिस
टीपीनगर पुलिस आंख मूंदकर मुकदमे दर्ज कर रही है। बावरिया गैंग के सदस्य बताकर एसओजी टीपीनगर के शिवपुरम से रमेश व उसके दामाद सूरज को उठाकर ले गई थी। इसमें टीपीनगर पुलिस ने अपहरण का मुकदमा दर्ज किया था। इसके बाद एसओजी ने ससुर-दामाद की फलावदा में चाकू में गिरफ्तारी दिखा दी। इस मामले में पुलिस की काफी किरकिरी हुई। एसएसपी को एसओजी भंग करनी पड़ी। अब फिर यही गलती टीपीनगर पुलिस ने दोहराई है। ब्रह्मपुरी में प्रवीण की हत्या का केस दर्ज है और टीपीनगर पुलिस ने उसके खिलाफ ही रंगदारी का केस दर्ज कर लिया।
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