वहीं मासूम की मौत की खबर मिलते ही गांव में मातम छा गया और सैकड़ों लोग घटनास्थल पर पहुंच गए। इसके बाद मामले की सूचना थाना पुलिस को दी गई। थाना पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर परिवार के लोगों की सहमति से शव को परिजनों के सुपुर्द किया। मासूम बेटे की मौत से परिवार में कोहराम मचा है और मां का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं क्षेत्र के सैकड़ों लोग परिवार को सांत्वना देने के लिए मौके पर पहुंचे हैं।
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बाढ़ नहीं आती तो बच्चे की जान नहीं जाती
परिवार के लोग बार-बार रोते हुए यही कह रहे हैं कि यह बाढ़ उन्हें पूरी तरह बर्बाद कर गई। बाढ़ का पानी उनके घरों तक पहुंच गया लेकिन उन्होंने सोचा कि सुरक्षित बच गए हैं। उन्हें क्या पता था उसी के पानी में उनके मासूम बेटे की मौत हो जाएगी। अगर यह बाढ़ का पानी नहीं आता तो तालाब में इतना पानी नहीं होता और उनके बच्चे की मौत नहीं होती।