मेरठ में बीट कांस्टेबल की अब कमांड हाउस से निगहबानी की जाएगी। एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने इसके लिए कार्यक्रम जारी किया है। हर थाने के बीट कांस्टेबल के लिए दिन निर्धारित किए गए हैं। कांस्टेबल अपनी उपस्थिति एसएसपी के दफ्तर में दर्ज कराएंगे। बेहतर पुलिसिंग के लिए कप्तान की ओर से चलाए जा रहे अभियान में यह एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
बीट कांस्टेबल पुलिसिंग का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा होता है। कानून व शांति व्यवस्था के लिए अपने क्षेत्र से जुड़ी हर गतिविधियों की जानकारी कांस्टेबल को रखनी होती है। बेहद गोपनीय तरीके से वह अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करते हैं, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में बीट कांस्टेबल की अन्य कार्यों में ड्यूटी बढ़ी है। एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने बीट पुलिसिंग को और अधिक मजबूत करने की पहल की है।
पहले थानेदार व सीओ करेंगे सुनवाई
बीट कांस्टेबल को थाने में बीट बुक के साथ बुलाया जाएगा। बुक की चेकिंग के साथ-साथ उनकी समस्या सुनी जाएगी। थानेदार उनकी समस्या को जानने के बाद आगे बढ़ाएंगे। बीट कांस्टेबल को अपनी बीट बुक सर्किल अफसर (क्षेत्राधिकारी) से चेक कराने के बाद ही निर्धारित दिन के अनुरूप कार्यालय में उपस्थित होना होगा।
सर्विलांस व साइबर में होंगे माहिर
यह पहला अवसर है, जब बीट कांस्टेबल के लिए इस तरह की व्यवस्था बनाई गई है। बीट कांस्टेबल को सर्विलांस सेल के प्रभारी सर्विलांस व साइबर अपराध से जुड़ी जानकारी भी दी जाएगी। जन शिकायत प्रकोष्ठ को प्रत्येक दिन आने वाले बीट कांस्टेबल का रिकॉर्ड अपने पास रखना होगा।
थानों के अनुसार यह बनाई व्यवस्था
दिन थाने का नाम
सोमवार व बृहस्पतिवार कोतवाली, देहलीगेट, लिसाड़ीगेट, ब्रह्मपुरी, परतापुर, टीपीनगर, सदरबाजार, लालकुर्ती, रेलवे रोड व सिविल लाइन
मंगलवार व शुक्रवार मेडिकल, नौचंदी, कंकरखेड़ा, दौराला, पल्लवपुरम, सरधना, सरूरपुर, जानी, रोहटा व मवाना
बुधवार व शनिवार हस्तिनापुर, बहसूमा, फलावदा, किठौर, मुंडाली, खरखोदा, इंचौली, गंगानगर, परीक्षितगढ़ व भावनपुर