फर्जी पासपोर्ट से भागे विदेश
राहुल और महेंद्र के पीछे बीकानेर क्राइम ब्रांच लगी तो दोनों आरोपी फर्जी पासपोर्ट बनवाकर दुबई भाग गए। जांच में सामने आया कि दोनों के पासपोर्ट कंकरखेड़ा श्रद्धापुरी के पते पर बनवाए गए। बीकानेर के श्रीडूंगरगढ़ थाना पुलिस ने इस मामले में कंकरखेड़ा के सुभाषपुरी में साइबर कैफे और गाजियाबाद पासपोर्ट ऑफिस के पास कैफे चलाने वाले राजू को गिरफ्तार किया। राजू ने बताया कि उसने ही दोनों के श्रद्धापुरी के फर्जी पते पर फर्जी आधार कार्ड समेत कई अन्य दस्तावेज बनवाए थे। इसके बाद उसने दोनों के तत्काल पासपोर्ट का आवेदन कर दिया।
लॉरेंस के दोनों गुर्गे सात दिन तक मेरठ में ही रहकर अपना काम कराकर निकल गए। दोनों को राजू वैध ने ही रुकवाया था। कंकरखेड़ा पुलिस ने भी बिना मौके पर जाए दोनों की रिपोर्ट का वेरीफिकेशन कर दिया। इसके चलते तत्काल में पासपोर्ट मिलते ही दोनों दुबई फरार हो गए। सुबूत जुटाने के लिए श्रीडूंगरगढ़ पुलिस ने राजू को तीन दिन के रिमांड पर लिया था। तीन दिन से पुलिस सुबूत जुटा रही थी।
राजू को लेकर मेरठ पहुंची पुलिस
- फोटो : अमर उजाला
पुलिस ने कंकरखेड़ा थाने से लगाई गई रिपोर्ट और फर्जी दस्तावेजों एकत्र किए। राजू के गाजियाबाद ऑफिस में कंप्यूटर से भी दस्तावेज एकत्र किए गए। कंकरखेड़ा थाने से लगाई गई रिपोर्ट भी बीकानेर पुलिस साक्ष्यों में शामिल करेगी। लॉरेंस बिश्नोई के कई दूसरे गुर्गे भी अपराध को अंजाम देकर विदेश भाग चुके हैं। उत्तराखंड का राहुल सरकार बड़ी संख्या में फर्जी पासपोर्ट बनवाता था। उसके गिरफ्तार होने के बाद लॉरेंस के गुर्गों ने राजू वैध से संपर्क कर लिया था।
राजू की गाजियाबाद पासपोर्ट ऑफिस में भी गहरी घुसपैठ थी। राजू थानों में पैसे देकर फर्जी पतों वाली रिपोर्ट को ऐसे लगवा देता था। इसके अलावा पासपोर्ट ऑफिस में उसकी सेटिंग भी इतनी जबरदस्त थी कि फर्जी दस्तावेजों पर आवेदन किए गए पासपोर्ट वह बहुत कम समय में बनवा देता था।
नगर निगम ने भी आंख मूंदकर बना दिया जन्म प्रमाणपत्र
बीकानेर की फतेहपुर कोतवाली में राहुल और महेंद्र की फरारी के मामले में रिपोर्ट दर्ज की गई है। इसमें राजू वैध को फरार कराने में मुख्य आरोपी बनाया गया है। इसके अलावा पासपोर्ट में आंख मूंदकर सत्यापन करने वाली कंकरखेड़ा पुलिस, फर्जी दस्तावेजों पर जन्म प्रमाणपत्र बनाने के मामले में नगर निगम और बैंक पासबुक के मामले में आरोपी बनाया गया है।