फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Asad Encounter: हैरान कर देगा अतीक के बेटे असद का ये सच, खूब सुर्खियों में आया था नाम, अब मुठभेड़ में हुआ ढेर

Thu, 13 Apr 2023 06:08 PM IST
कपिल kapil अमर उजाला ब्यूरो, मेरठ

सार

Jhansi Encounter : असद एनकाउंटर से पहले का एक बड़ा सच है, जिसे शायद ही आप जानते हों। आइए आपको बताते हैं, असद ने एनकाउंटर से पहले कहां से आर्थिक मदद ली थी।
विज्ञापन
Asad Ahmed - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

उत्तर प्रदेश में योगी सरकार की पुलिस शुरू ही एनकाउंटर को लेकर सुर्खियों में रही है। अब यूपी एसटीएफ ने दो ऐसे इनामी बमाशों को ढेर कर दिया है, जिनका प्रयागराज में काफी खौफ था। जी हां, यूपी एसटीएफ की टीम ने गुरुवार को झांसी में माफिया अतीक अहमद के बेटे असद और उसके साथी गुलाम को मुठभेड़ के दौरान मार गिराया।

विज्ञापन


बताया गया कि असद और उसके साथी ने पुलिस कर्मियों पर ताबड़तोड़ फायरिंग की थी, जिसके बाद पुलिस ने जवाबी कार्रवाई करते हुए गोलियां चलाईं, जिसमें दोनों शातिर ढेर हो गए। वहीं, असद एनकाउंटर से पहले का एक बड़ा सच सामने आया है, आइए जानते हैं कि आखिर क्या है वो सच- 

अतीक अहमद। फाइल फोटो - फोटो : अमर उजाला।
प्रयागराज में हुए उमेश पाल हत्याकांड के आरोपी अतीक के बेटे असद के हाल ही में कुछ फोटो मेरठ से वायरल हुए थे। अलग-अलग दिन वायरल हुए ये फोटो सोशल मीडिया पर खूब वायरल हुए थे। जिसके बाद कई जिलों की पुलिस और यूपी एसटीएफ की टीम ने असद को पकड़ने की कोशिशें तेज कर दी थीं। उमेश पाल की हत्या के बाद असद और उसका साथी मेरठ आया था और रिश्तेदार डॉ. अखलाक के यहां शरण ली थी। बताया गया कि इस दौरान अखलाक ने असद की आर्थिक मदद भी की थी।

Prayagraj News : अतीक का पुत्र असद। - फोटो : अमर उजाला।
मेरठ से रुपये लेकर गया था असद
बताया गया कि करीब एक महीने पहले असद और उसका साथी गुड्डू मुस्लिम मेरठ में डॉ. अखलाक के घर से करीब 50 हजार रुपये लेकर गए थे। यह भी सामने आया था कि डॉ. अखलाक ने इसके अलावा माफिया अतीक अहमद के खाते में भी रुपये भेजकर आर्थिक मदद की थी। 

उमेश पाल हत्याकांड। - फोटो : अमर उजाला
मेरठ से खर्च के लिए रुपये, अब झांसी में ढेर
असद और उसके साथी मेरठ से रुपये लेकर गए थे। उधर, यूपी पुलिस और एसटीएफ की टीम लगातार उनकी तलाश कर रही थी। पुलिस ने उन्हें दिल्ली में ट्रैस किया था लेकिन, वहां से वे किसी तरह भाग निकले थे। लेकिन इस बार यूपी एसटीएफ ने उन्हें भागने का मौका नहीं दिया। यूपी एसटीएफ की टीम ने असद व उसके एक साथी की घेराबंदी की तो उन्होंने पुलिस कर्मियों पर फायरिंग कर डाली। 

असद अहमद एनकाउंटर में ढेर - फोटो : AMAR UJALA
पुलिस की जवाबी फायरिंग में ढेर हुआ असद और गुलाम
वहीं, एसटीएफ की टीम ने जवाबी फायरिंग की तो पांच-पांच लाख के इनामी असद और गुलाम ढेर हो गए। उधर, असद के एनकाउंटर की खबर इस तरह फैली की चंद मिनटों में ही सोशल मीडिया और टीवी चैनलों पर सुर्खियां बन गईं। दोपहर के बाद से ही ट्विटर, फेसबुक, इंस्टाग्राम आदि समेत सभी सोशल मीडिया प्लेफार्म पर असद एनकाउंटर की खबर छाई हुई है।

अतीक का बेटा असद, पूर्व प्रधान का बेटा - फोटो : अमर उजाला
मेरठ में वायरल हुए थे ये फोटो
मेरठ में पहले राधना गांव के पूर्व प्रधान उमर अली के बेटे साथ असद का फोटो वायरल हुआ था। लेकिन उमर उली ने एसएसपी से मिलकर बताया था कि उनके बेटे हैदर का फोटो पांच साल पहले का है। जब अतीक का बेटा गौतमबुद्धनगर में पढ़ता था। उन्होंने कुछ फोटो एसएसपी को दिखाते हुए बताया था कि ये फोटो अतीक के बेटे के साथ पूर्व मंत्री एवं वर्तमान में सपा विधायक शाहिद मंजूर के बेटों के हैं।
विज्ञापन

अतीक का पुत्र असद। - फोटो : अमर उजाला।
राधना के पूर्व प्रधान उमर अली ने एसएसपी को बताया था कि सपा विधायक शाहिद मंजूर के दो बेटों की फोटो भी अतीक के बेटे के साथ है। किठौर के 50 से ज्यादा युवकों के फोटो अतीक के बेटे के साथ हैं। अपने बेटे को निर्दोष बताते हुए कहा कि उन्होंने इस बार भाजपा प्रत्याशी को चुनाव लड़ाया था, इस वजह से शाहिद मंजूर उनसे रंजिश रखते हैं। उन्होंने राधना में एक स्कूल की जमीन पर फर्जी बैनामा कराकर अवैध कब्जा कर रखा है, जिसको लेकर उन पर लगातार फैसले का दबाव बनाया जा है। इसी रंजिश में उनके बेटे को फंसाने की नीयत से फोटो वायरल कर दिया गया। वहीं, इस मामले में एसएसपी रोहित सिंह सजवाण ने कहा था कि किसी के खिलाफ भी गलत कार्रवाई नहीं होगी।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें