नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) के विरोध में प्रदर्शन की आड़ लेकर दंगा भड़काने की साजिश रची गई थी। उसके लिए पीएफआई ने कुछ लोगों के खातों में नकदी के रूप में रकम भेजी थी। यह रकम बिजनौर में पीएफआई से जुड़े निसारूद्दीन के माध्यम से दी गई। 100 से ज्यादा लोगों को रकम बांटी गई। पुलिस निसारूद्दीन सहित तमाम लोगों से पूछताछ करने में जुटी है। पुलिस की जांच में कई और लोगों के नाम भी सामने आए हैं।