जन्माष्टमी पर झांकी लगाने और आरती करने के विरोध पर लालकुर्ती में सांप्रदायिक तनाव फैल गया। दूसरे समुदाय के कुछ लोगों ने पुलिस के सामने ही आरएसएस पदाधिकारी को जमकर पीटा। सूचना पर पहुंचे भाजपा सांसद, विधायक और हिंदू संगठनों के लोगों ने लालकुर्ती थाने में हंगामा कर दिया। एसएसपी का घेराव कर आरोपियों पर कार्रवाई की मांग की। तनाव को देखते हुए क्षेत्र में पुलिस, आरएएफ और आरआरएफ को तैनात कर दिया गया है।
शनिवार सुबह से ही लालकुर्ती में सांप्रदायिक माहौल बिगड़ने के हालात नजर आने लगे थे। हाथीखाना मोहल्ले में श्रीकृष्ण की झांकी लगाने को लेकर भरत सोंधी की दूसरे समुदाय के युवक से मारपीट हो गई थी। हंगामा होने पर पुलिस पहुंची और दोनों समुदाय के गणमान्यों को थाने लाकर समझाकर मामला शांत करा दिया। विरोध होने पर भरत ने भी झांकी लगाने का मन बदल लिया।
शाम को हाथी खाना निवासी आरएसएस पश्चिम उत्तर प्रदेश संपर्क विभाग प्रमुख अरुण जिंदल कुटी चौराहे पर झांकी लगा रहे थे। आरोप है कि दूसरे समुदाय के करीब दो दर्जन लोगों ने झांकी लगाने और आरती का विरोध किया। जिसे लेकर उनकी अरुण जिंदल से तीखी नोकझोंक हो गई। पुलिस की मौजूदगी में विवाद बढ़ता रहा। पुलिस तमाशबीन बनी रही। आरोप है कि इरशाद और आजाद ने अरुण की पिटाई कर दी और कपड़े फाड़ दिए।
मूर्ति खंडित होने पर पथराव
आरोप है कि दूसरे समुदाय के युवकों ने श्रीकृष्ण की मूर्ति खंडित कर दी। यह बात क्षेत्र में आग की तरह फैल गई। देखते ही देखते दोनों समुदाय के लोग आमने-सामने आ गए। दोनों तरफ से जमकर पथराव हुआ। हंगामे की सूचना पर एएसपी संकल्प शर्मा और लालकुर्ती एसओ प्रदीप त्रिपाठी मौके पर पहुंचे और अरुण को थाने ले आए। जबकि मुख्य आरोपी इरशाद और आजाद मौके से फरार हो गए।
दरोगा लाइन हाजिर
तनाव की सूचना पर सांसद राजेंद्र अग्रवाल, कैंट विधायक सत्यप्रकाश अग्रवाल समेत सैकड़ों लोगों ने लालकुर्ती थाने में जमकर हंगामा किया। एसएसपी डीसी दूबे ने मौके पर पहुंचकर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। लापरवाही बरतने पर दरोगा राहुल कुमार को लाइन हाजिर कर दिया। सुरक्षा के बीच झांकी लगवाकर आरती कराने का आश्वासन दिया। इसके बाद मामला शांत हुआ।