मेरठ। हसनपुर रजापुर निवासी सुजीत जाट अपने भाई सुमित जाट के साथ रहकर ऐसा शूटर बना कि 50 हजार का इनामी बन गया। इनामी बनने के 15 वें दिन ही पुलिस ने मुठभेड़ में उसे ढेर कर दिया।
एसपी देहात राजेश कुमार ने बताया कि सुजीत का भाई सुमित जाट कई संगीन मामलों में जेल में बंद है। हत्या, रंगदारी और देने के मामले में सुजीत भी भाई के साथ रहकर शूटर बन गया। सन 2013 में सुजीत पर जानलेवा हमले का पहला मुकदमा दर्ज हुआ था। उसके बाद सुजीत पर सन 2016 में एक नाबालिग से छेड़छाड़ का मामला दर्ज हुआ। सन 2016 में ही खुलेआम धमकी देकर चेतन की हत्या कर दी थी। बेटे की हत्या में गवाह सावित्री को भी मौत के घाट उतार दिया। बीस दिन पहले सरधना के झिटकरी गांव में सावित्री के दामाद बबलू की भी हत्या कर दी। 17 फरवरी को ही आईजी रेंज ने सुजीत पर 50 हजार का इनाम घोषित किया था।
प्रमुख एनकाउंटर
26 सितंबर: गांधी बाग के पास सदर पुलिस से मुठभेड़ में 25 हजार का इनामी मंसूर उर्फ मच्छू पहलवान निवासी बेहट, सहारनपुर मारा गया
28 सितंबर: एसटीएफ और सरूरपुर पुलिस ने मुठभेड़ में कुख्यात मुकीम काला के भाई 50 हजारी वसीम काला को ढेर किया
30 दिसंबर: शताब्दी नगर में 50 हजार का इनामी हसीन मोटा मारा गया
खास बात:
- सिर्फ सिर में ही मारता था गोली, 17 फरवरी को हुआ इनामी, 15 दिन बाद ढेर