कई व्यापारी हो चुके शिकार, आरोपी फरार
बाजार में कई व्यापारी इस गैंग के शिकार हो चुके हैं। नकली नोट चलाने के मामले में पकड़े न जाएं, इस डर से कई व्यापारियों ने तो पुलिस से शिकायत भी नहीं की। पुलिस का कहना है कि आरोपी से कई गड्डी मिली हैं। गड्डी में ऊपर-नीचे एक-एक 500-500 के नोट लगे हैं जबकि अंदर सफेद मोटे कागज गड्डी में लगाए हुए हैं। इस गैंग से जुड़े कई आरोपी अभी फरार है।
बाजार में ऐसे होती है नकली नोटों की सप्लाई
आरोपी प्रशांत ने बताया कि गैंग के सदस्य बाजार में कुछ व्यापारियों को 500, 200 और 100 के असली नोट देकर उनको नकली नोट बताते हैं। 10 हजार रुपये के असली नोट देकर सात-आठ हजार रुपये लेकर चले जाते हैं। ये असली नोट बाजार में चलने के कुछ दिनों बाद फिर उसी दुकानदार के पास पहुंचते हैं और दो-तीन बार भरोसा जीतने के बाद दुकानदार को मोटी रकम देते हैं, जिसमें नोटों की गुड्डी में ऊपर-नीचे असली नोट और बीच में नकली नोट या फिर कटिंग हुआ पेपर लगाकर देते हैं।
ऐसे पकड़ा गया आरोपी
पुलिस के मुताबिक कई दिनों से सूचना मिल रही थी कि पुलिस की वर्दी और बाइक में हूटर लगाकर कई लोग बाजार में घूमते हैं। जांच की गई तो पता चला कि बाजार में कुछ लोग व्यापारियों को नकली नोट सप्लाई करते हैं, जिनकी तलाश में पुलिस की टीम लगी थी। शुक्रवार को गैंग के तीन लोग बाजार में एक व्यापारी के पास पहुंचे, जिसमें दो पुलिस की वर्दी में थे। पुलिस ने घेराबंदी की तो वर्दी पहने दो आरोपी मोहसिन निवासी अब्दुल्लापुर, साजिद निवासी ज्ञानपुर दोनों थाना भावनपुर, भाग गए जबकि प्रशांत मौके से पकड़ा गया।