सीसीएसयू कैंपस के छात्रसंघ चुनाव की तिथि पर रार हो गई है। विवि ने सात नवंबर को चुनाव की तिथि तय की है। समाजवादी छात्रसभा इस तिथि का विरोध कर रही है। वहीं एबीवीपी इसी डेट में चुनाव कराने पर अड़ गई है।
शुक्रवार को दोनों छात्र संगठनों ने वीसी से मुलाकात कर अपनी बात रखी। कई दिन की छुट्टियों के बाद खुले कैंपस में पूरे दिन हंगामा और प्रदर्शन होता रहा। समाजवादी छात्रसभा के राजदीप विकल (छात्रसंघ अध्यक्ष), विजय रत्नम व कॉलेजों से आए संगठन के अध्यक्ष एवं समस्त पदाधिकारियों ने कुलपति प्रो. एनके तनेजा का घेराव किया।
राजदीप ने तर्क रखा कि कैंपस में 80 फीसदी छात्र बाहरी हैं, जो दीपावली से काफी पहले अपने घर चले जाते हैं। अब परीक्षा के बाद सभी अपने घर गए हुए हैं। अब अगर विवि निर्धारित तिथि पर चुनाव कराता है तो उसमें बड़ी संख्या में छात्र हिस्सा नहीं ले पाएंगे।
ऐसे में चुनाव दीपावली के बाद कराएं जाएं। कुलपति ने तर्क दिया कि चुनाव नियमानुसार कराए जा रहे हैं। छात्रसभा के पदाधिकारियों ने आरोप लगाया है कि यह सब साजिश के तहत कराया जा रहा है। एक संगठन विशेष को जीतने के लिए सारी कवायद की जा रही है। क्योंकि उसी संगठन से जुड़े लोग विवि की कुर्सियों पर बैठे हैं। उन्होंने हंगामा और प्रदर्शन करने की चेतावनी दी है।
एबीवीपी ने भी खोला मोर्चा
कैंपस चुनाव को लेकर एबीवीपी ने भी मोर्चा खोल दिया है। संगठन की तरफ से अंशुल गुप्ता के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने कुलपति से मुलाकात की। उन्होंने स्पष्ट किया कि अगर चुनाव हटाए जाते हैं तो संगठन मोर्चा खोलेगा। क्योंकि चुनाव प्रक्रिया लिंगदोह कमेटी की सिफारिशों पर कराने का नियम है और अभी कर विवि प्रशासन उसी का पालन कर रहा है। लेकिन किसी संगठन के दबाव में चुनाव हटाए जाते हैं तो विरोध किया जाएगा।