भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने की थी सहायक नगर आयुक्त से गुंडागर्दी, पुलिस की जांच में खुली पोल
मेरठ। कूड़े के ढेर में जिंदा गाय मिलने के मामले में भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने सहायक नगर आयुक्त के साथ गुंडागर्दी की। पुलिस की जांच में भाजयुमो कार्यकर्ताओं की गलती सामने आई है। हालांकि, इस मामले में कोई मुकदमा दूसरे दिन भी नहीं दर्ज किया गया।
सहायक नगर आयुक्त बृजपाल सिंह को भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने शुक्रवार को जिला अस्पताल के सामने सड़क पर जबरन गाड़ी रुकवाकर घेर लिया था। उसके बाद सहायक नगर आयुक्त को जबरन कार्यकर्ता नगर निगम ले आए थे। जिस पर नगर निगम के कर्मचारियों व भाजयुमो कार्यकर्ताओं में मारपीट हो गई। दोनों तरफ से देहली गेट थाने में तहरीर दी गई थी। जिसकी जांच सीओ कोतवाली कर रहे हैं। बताया गया है कि पुलिस की जांच में भाजयुमो कार्यकर्ताओं की गुंडागर्दी सामने आई है। वहीं, नगर निगम के कर्मचारियों द्वारा मारपीट की बात भी सामने आई। सीओ ने पूरी रिपोर्ट उच्च अधिकारियों को सौंप दी है।
सीओ कोतवाली अरविंद चौरसिया का कहना है कि कानून व्यवस्था को देखते हुए दोनों पक्षों की तहरीर ली गई थी। उच्च अधिकारियों के निर्देश पर आगे की कार्रवाई होगी।
तीन दिन में करें कार्रवाई, नहीं तो होगा आंदोलन
मेरठ। सहायक नगर आयुक्त ब्रजपाल सिंह के साथ भाजयुमो कार्यकर्ताओं द्वारा अभद्रता करने और जान से मारने की धमकी देने के अभी तक मामला दर्ज नहीं किया है। नगर निगम कर्मचारी संयुक्त संघर्ष समिति ने कहा मामले में पुलिस द्वारा आरोपियों के खिलाफ तीन दिन के अंदर कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन किया जाएगा। शनिवार को नगर निगम परिसर स्थित जलकल कर्मचारी संघ कार्यालय पर कर्मचारी संगठनों की बैठक में यह निर्णय लिया गया। कर्मचारी नेताओं ने कहा कि भाजयुमो कार्यकर्ताओं द्वारा सहायक नगर आयुक्त ब्रजपाल सिंह को अघोषित रूप से अपहृत कर निगम कार्यालय लाया गया, अभद्रता कर जान से मारने की धमकी दी। चालक और स्टाफ के साथ मारपीट कर राजकीय वाहन में तोड़फोड़ की। समिति ने मंडलायुक्त को शिकायती पत्र सौंपा है। बैठक में अनीश अहमद, कैलाश चंदौला, राजू धवन, सतेंद्र शर्मा, प्रदीप जोशी, आलोक शर्मा, दिनेश सूद, सुरेंद्र ढींगिया आदि रहे।