संयुक्त व्यापार संघ के संरक्षक अरुण वशिष्ठ ने बताया कि 1990 से 1992 के बीच उन्हें दो बार गिरफ्तार किया गया। उस वक्त मुलायम सिंह मुख्यमंत्री थे। हर सक्रिय भाजपाई, आरआरएस और विहिप के पदाधिकारियों की गिरफ्तारी की गई। उनके अतिरिक्त विजय कर्णवाल, कैप्टन देवरथ, कुलवंत सिंह, जतन स्वरूप, कृष्ण अवतार रस्तौगी की भी गिरफ्तारी हुई।
कैंट विधायक अमित अग्रवाल ने बताया कि अयोध्या गोलीकांड के समय वह भाजपा महानगर महामंत्री थे। मेरठ से लगातार जत्थे अयोध्या के लिए रवाना हो रहे थे। लाला का बाजार में वह रह रहे थे। घरों में अयोध्या गोलीकांड की वीसीआर पर पिक्चर दिखाई गई। शहर में विभिन्न जगह बैठक हुई। इससे पूर्व रथ यात्रा में भी सक्रिय रहे।
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हर हिंदू ने सुनी थी साध्वी ऋतंभरा की ऑडियो
संयुक्त व्यापार संघ मंत्री संजीव जिंदल ने बताया कि कंकरखेड़ा से भी काफी संख्या में कारसेवक राम मंदिर आंदोलन में शामिल होने के लिए गए। विजय त्रिपाठी, सुरेश मल्होत्रा, मुकेश कुमार सहित कई कारसेवकों को पुलिस ने गिरफ्तार कर शामली जेल में रखा। बाजार में लगातार प्रभात फेरी निकालकर लोगों को जागरूक किया गया। घर-घर में साध्वी ऋतंभरा की ऑडियो बज रही थी।
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