शहर के ट्रैफिक को यदि निर्बाध रूप से चलाना है तो आठ चौराहों पर काम करना होगा। इस बाबत प्रोजेक्ट तैयार है। टारगेट है कि आठ माह में इन सभी आठ चौराहों पर इतना काम जरूर हो जाएगा कि ट्रैफिक व्यवस्था पर सकारात्मक असर आए। मंडलायुक्त डा. प्रभात कुमार ने इस बाबत संबंधित विभागों की संयुक्त कमेटी को निर्देश दिए हैं कि इसी सप्ताह बैठक करके अड़चनें दूर की जाएं।
सीआरआरआई केसर्वे पर हो रहा काम
सीआरआरआई (सेंट्रल रोड रिसर्च इंस्टीट्यूट) ने पहले चरण में शहर के चार चौराहों पर शार्ट टर्म इम्प्रूवमेंट प्लान (दस साल केलिए) बनाकर भेजा था। इसमें हापुड़ अड्डा चौराहा, बेगमपुल चौराहा, तेजगढ़ी तथा एचआरएस चौक शामिल थे। इन सभी स्थानों पर काम हुआ और लगभग छह करोड़ रुपये खर्च हुए परंतु यह रकम बेकार गई। इन चौराहों के लिए अब लांग टर्म प्लान बनाया है। आयुक्त डा. प्रभात कुमार ने सभी विभागों की बैठक ली। फिर से सर्वे कराया और पाया कि बेगमपुल तथा हापुड़ अड्डा चौराहे पर फ्लाईओवर बनाना होगा। बेगमपुल पर फ्लाईओवर का प्रस्ताव तैयार हो चुका है। सेतु निगम तथा पीडब्लूडी को संयुक्त रूप से इस पर काम करने के लिए कहा है। दूसरे चरण में अन्य चार चौराहों पर काम होना है।
हापुड अड्डे
मुख्य रूप से दो चौराहों पर बड़ा प्लान है। हापुड़ अड्डे पर दो विकल्प दिए हैं। बेगमपुल पर भी प्रोजेक्ट नेशनल कैपिटल रीजन ट्रांसपोर्ट कारपोरेशन को भेजा है।
प्लान एक
यूपी स्टेट ब्रिज कोरपोरेशन की ओर से हापुड़ अड्डे पर फ्लाईओवर के निर्माण का प्रोजेक्ट तैयार किया गया है। इसके मुताबिक हापुड़ अड्डा चौराहे पर वाई शेप में करीब 1.775 किमी लंबा फ्लाईओवर बनाया जाएगा। हापुड़ रोड और गढ़ दोनों ओर से आने वाला ट्रैफिक एक साथ इंदिरा चौक के निकट उतरेगा। यह फोरलेन होगा। बेगमपुल से हापुड़ चौराहे की तरफ जाने वाला ट्रैफिक ट्रैफिक इंदिरा चौक से फ्लाईओवर पर चढ़ेगा और ऊपर से ही अपनी-अपनी दिशा में चला जाएगा। अहम यह है कि जो ट्रैफिक भूमिया पुल की तरफ से हापुड़ अड्डा पहुंचेगा वह पुल के नीचे से ही बेगमपुल और गढ़ रोड की ओर मूव करेगा।
प्लान दो
हापुड़ रोड और गढ़ रोड से आने वाला ट्रैफिक वाई शेप फ्लाईओवर पर होते हुए इंदिरा चौक पर तो उतरे परंतु दूसरी तरफ से आने वाला ट्रैफिक फ्लाईओवर पर नहीं चढ़ेगा। वह पुल केनीचे से होते हुए गढ़ रोड और हापुड़ रोड की तरफ मूव करेगा।
बेगमपुल पर सात सौ मीटर लंबा फ्लाईओवर
बेगमपुल पर सात सौ मीटर लंबा फ्लाईओवर बनाने का प्लान है। शुरू की बैठक में तय हुआ कि इस पर सत्तर करोड़ रुपये खर्च होंगे। हालांकि पूरे प्रस्ताव पर करीब 110 करोड़ खर्च होंगे। कहा कि इसमें साठ करोड़ रुपये एमडीए और 50 करोड़ रुपये नगर निगम जुटाए। आयुक्त ने दोनाें विभागों को इस बाबत रकम जुटाने को कहा है। हालांकि यह भी वाई शेप में था परंतु फिलहाल इसे एक तरफ बनाने की योजना है। उधर, रैपिड ट्रेन प्रोजेक्ट के कारण भी यहां अड़चन आ रही है। ऐसे में इस पर भी एनसीआरसीटीसी से मंजूरी मांगी गई है।
संयुक्त कमेटी करेगी इन पर भी काम
इसके अतिरिक्त तेजगढ़ी चौराहा, एचआरएस चौक, एल ब्लॉक तिराहा, ईव्ज चौराहा, बच्चा पार्क तथा रेलवे रोड चौराहा पर काम होगा। मंडलायुक्त ने कहा कि इसी सप्ताह एमडीए, ट्रैफिक पुलिस, सेतु निगम, पीडब्लूडी, नगर निगम केअधिकारियों की संयुक्त कमेटी की बैठक कर बाकी चौराहों का भी प्लान तैयार किया जाएगा। छह से आठ माह में पूरी व्यवस्था चाक चौबंद हो जानी चाहिए। सबसे पहले जाम की समस्या दूर की जाए।